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Noida News: जान जोखिम में डालकर जर्जर पुल पार कर रहे चंडीगढ़ गांव के निवासी
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फोटो
-पुल के एक ओर दीवार गिरी, जिला प्रशासन अंजान
-4 दिन तक बाढ़ का पानी निकलने से धंस रहा पुल
अमर उजाला ब्यूरो
यमुना सिटी। यमुना नदी की बाढ़ में चार दिनों तक डूबे रहे चंडीगढ़ गांव को जोड़ने वाला जर्जर पुल यात्रियों के लिए खतरे का सबब बन सकता है। बुधवार सुबह पुल से पानी उतर गया, लेकिन पुल की एक दीवार पूरी तरह से टूट गई है। पुल भी धंस गया है। ऐसे में यहां से हरियाणा जाने वाले वाहन चालक और पैदल लोग अपनी जान जोखिम में डालकर गुजर रहे हैं। मौके पर प्रशासन या पुलिस का कोई इंतजाम नहीं है।
हरियाणा के यमुना नगर स्थित हथिनीकुंड बांध से एक सितंबर को सात घंटे तक छोड़े गए सवा तीन लाख क्यूसेक पानी से रबूपुरा क्षेत्र के चंडीगढ़ गांव के पास यमुना का कटान हो गया। यमुना की बाढ़ का पानी अपने पुराने रास्ते पर बहने लगा। इससे चंडीगढ़ गांव के पास बने पुल के ऊपर से चार सितंबर की सुबह पानी गुजरने लगा। चार से पांच दिनों तक बाढ़ का पानी इस पुल के ऊपर से गुजरता रहा। इस दौरान चंडीगढ़ और मेहंदीपुर गांव के आस-पास की फसलें भी पानी में डूबी रहीं। इससे किसानों की फसलों को नुकसान हुआ है। बाढ़ के पानी के चलते चंडीगढ़ गांव का संपर्क भी अन्य जिले से कट गया। पुल भी क्षतिग्रस्त हो गया है।
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चार सितंबर से पुल पर पानी भरा हुआ था। पुल क्षतिग्रस्त हो गया है। जल्द से जल्द इस पुल को बनवाया जाए, नहीं तो किसी भी दिन दुर्घटना हो सकती है।
सतनाम सिंह, निवासी गांव चंडीगढ़
-- -मैं हरियाणा से होते हुए इस रास्ते से निकल रहा हूं। यहां पर एक ही रास्ता है। इसलिए पुल क्षतिग्रस्त देखकर बड़ी हिम्मत कर यहां से निकलना पड़ रहा है। प्रशासन को जल्द से जल्द पुल को ठीक कराना चाहिए।
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सुमित भाटी, निवासी दनकौर
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पुल की हालत जर्जर हो गई है। इसकी एक ओर दीवार भी टूट गई है। साथ ही बाढ़ के पानी से पुल एक ओर से धंस भी गया है। यहां ग्रामीण अपनी जान हथेली पर रखकर निकलते हैं।
बलविंदर, निवासी गांव चंडीगढ़
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-पुल के एक ओर दीवार गिरी, जिला प्रशासन अंजान
-4 दिन तक बाढ़ का पानी निकलने से धंस रहा पुल
अमर उजाला ब्यूरो
यमुना सिटी। यमुना नदी की बाढ़ में चार दिनों तक डूबे रहे चंडीगढ़ गांव को जोड़ने वाला जर्जर पुल यात्रियों के लिए खतरे का सबब बन सकता है। बुधवार सुबह पुल से पानी उतर गया, लेकिन पुल की एक दीवार पूरी तरह से टूट गई है। पुल भी धंस गया है। ऐसे में यहां से हरियाणा जाने वाले वाहन चालक और पैदल लोग अपनी जान जोखिम में डालकर गुजर रहे हैं। मौके पर प्रशासन या पुलिस का कोई इंतजाम नहीं है।
हरियाणा के यमुना नगर स्थित हथिनीकुंड बांध से एक सितंबर को सात घंटे तक छोड़े गए सवा तीन लाख क्यूसेक पानी से रबूपुरा क्षेत्र के चंडीगढ़ गांव के पास यमुना का कटान हो गया। यमुना की बाढ़ का पानी अपने पुराने रास्ते पर बहने लगा। इससे चंडीगढ़ गांव के पास बने पुल के ऊपर से चार सितंबर की सुबह पानी गुजरने लगा। चार से पांच दिनों तक बाढ़ का पानी इस पुल के ऊपर से गुजरता रहा। इस दौरान चंडीगढ़ और मेहंदीपुर गांव के आस-पास की फसलें भी पानी में डूबी रहीं। इससे किसानों की फसलों को नुकसान हुआ है। बाढ़ के पानी के चलते चंडीगढ़ गांव का संपर्क भी अन्य जिले से कट गया। पुल भी क्षतिग्रस्त हो गया है।
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चार सितंबर से पुल पर पानी भरा हुआ था। पुल क्षतिग्रस्त हो गया है। जल्द से जल्द इस पुल को बनवाया जाए, नहीं तो किसी भी दिन दुर्घटना हो सकती है।
सतनाम सिंह, निवासी गांव चंडीगढ़
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सुमित भाटी, निवासी दनकौर
पुल की हालत जर्जर हो गई है। इसकी एक ओर दीवार भी टूट गई है। साथ ही बाढ़ के पानी से पुल एक ओर से धंस भी गया है। यहां ग्रामीण अपनी जान हथेली पर रखकर निकलते हैं।
बलविंदर, निवासी गांव चंडीगढ़