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Noida News: सिरसा माचीपुर गांव में तालाब बना कूड़ेदान
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फोटो
- ग्रामीण फेंक रहे कूड़ा और मलबा, जलकुंभी में फंसकर डूब रहे पशु
माई सिटी रिपोर्टर
यमुना सिटी। जेवर क्षेत्र के गांव सिरसा माचीपुर में जल संरक्षण के उद्देश्य से बनाया गया तालाब देखरेख के अभाव में बदहाल हो गया है। लंबे समय से सफाई न होने के कारण तालाब पूरी तरह जलकुंभी से पट चुका है। ग्रामीण तालाब में कूड़ा और मलबा डाल रहे हैं, जिससे समस्या लगातार गंभीर होती जा रही है। जलकुंभी के कारण हरी घास के भ्रम में मवेशी तालाब में उतर जाते हैं और डूबने का खतरा बना रहता है।
तालाब का गंदा पानी ओवरफ्लो होकर आसपास के खेतों में पहुंच रहा है, जिससे फसलों को नुकसान हो रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि उन्होंने कई बार ग्राम प्रधान और पंचायत सचिव से शिकायत की, लेकिन अब तक सफाई के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।
सांप-बिच्छुओं का बढ़ा खतरा : ग्रामीण गंगाराम, महेंद्र, बच्चू सिंह और जोगवती ने बताया कि तालाब में उगी जलकुंभी और आसपास फैली झाड़ियों के कारण जहरीले सांप और बिच्छू निकलते रहते हैं। इससे ग्रामीणों और बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंता बनी रहती है। ग्रामीणों के मुताबिक, तालाब में गिरने से कई बंदरों की भी मौत हो चुकी है।
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ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द तालाब की सफाई कराने, जलकुंभी हटाने और तालाब का सौंदर्यीकरण कराने की मांग की है, ताकि जल संरक्षण के इस स्रोत को फिर से उपयोगी बनाया जा सके और हादसों पर रोक लग सके।
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- ग्रामीण फेंक रहे कूड़ा और मलबा, जलकुंभी में फंसकर डूब रहे पशु
माई सिटी रिपोर्टर
यमुना सिटी। जेवर क्षेत्र के गांव सिरसा माचीपुर में जल संरक्षण के उद्देश्य से बनाया गया तालाब देखरेख के अभाव में बदहाल हो गया है। लंबे समय से सफाई न होने के कारण तालाब पूरी तरह जलकुंभी से पट चुका है। ग्रामीण तालाब में कूड़ा और मलबा डाल रहे हैं, जिससे समस्या लगातार गंभीर होती जा रही है। जलकुंभी के कारण हरी घास के भ्रम में मवेशी तालाब में उतर जाते हैं और डूबने का खतरा बना रहता है।
तालाब का गंदा पानी ओवरफ्लो होकर आसपास के खेतों में पहुंच रहा है, जिससे फसलों को नुकसान हो रहा है। ग्रामीणों का आरोप है कि उन्होंने कई बार ग्राम प्रधान और पंचायत सचिव से शिकायत की, लेकिन अब तक सफाई के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।
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सांप-बिच्छुओं का बढ़ा खतरा : ग्रामीण गंगाराम, महेंद्र, बच्चू सिंह और जोगवती ने बताया कि तालाब में उगी जलकुंभी और आसपास फैली झाड़ियों के कारण जहरीले सांप और बिच्छू निकलते रहते हैं। इससे ग्रामीणों और बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंता बनी रहती है। ग्रामीणों के मुताबिक, तालाब में गिरने से कई बंदरों की भी मौत हो चुकी है।
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ग्रामीणों ने प्रशासन से जल्द तालाब की सफाई कराने, जलकुंभी हटाने और तालाब का सौंदर्यीकरण कराने की मांग की है, ताकि जल संरक्षण के इस स्रोत को फिर से उपयोगी बनाया जा सके और हादसों पर रोक लग सके।