फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Noida News ›   fdgsfd

Noida News: एटीएस शुरू हुए हफ्तेभर बाद भी नहीं पहुंच रहे वाहन

Thu, 08 Jan 2026 06:53 PM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Thu, 08 Jan 2026 06:53 PM IST
विज्ञापन
fdgsfd
मैनुअली प्रकिया से फिटनेस जांच करते हुए की फोटो है
विज्ञापन


-एक जनवरी से बदले गए थे नियम, मैनुअली प्रक्रिया करने को मजबूर परिवहन विभाग
-जनपद में दो में से एक एटीएस ही वर्तमान में संचालित
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। नए साल के साथ ही परिवहन विभाग ने वाहनों की फिटनेस जांच प्रक्रिया को पूरी तरह ऑटोमैटिक करने का दावा किया था। इसके तहत जनपद में ऑटोमैटिक टेस्टिंग स्टेशन (एटीएस) के माध्यम से वाहनों की फिटनेस जांच अनिवार्य कर दी गई और मैनुअली फिटनेस प्रक्रिया को समाप्त करने के निर्देश भी जारी किए गए। हालांकि, नियम लागू हुए एक सप्ताह बीतने के बाद भी इसका असर जमीनी स्तर पर नजर नहीं आ रहा है।

बता दें, जनपद में एटीएस सेंटर शुरू होने के बावजूद वहां प्रतिदिन महज एक, दो या अधिकतम तीन वाहन ही फिटनेस जांच के लिए पहुंच रहे हैं। जबकि परिवहन विभाग पर फिटनेस प्रमाण पत्र जारी करने का लगातार दबाव बना हुआ है। इस स्थिति में विभाग को नियमों के विपरीत जाकर मैनुअली वाहनों की फिटनेस जांच करनी पड़ रही है, जिससे ऑटोमैटिक प्रणाली लागू करने का उद्देश्य फिलहाल अधूरा नजर आ रहा है। अधिकारियों के अनुसार, एटीएस के जरिए फिटनेस जांच से पारदर्शिता बढ़ेगी और मानवीय हस्तक्षेप पूरी तरह समाप्त होगा। ऑटोमैटिक सिस्टम में ब्रेक, हेडलाइट, प्रदूषण, स्टीयरिंग और अन्य तकनीकी मानकों की जांच मशीनों के माध्यम से की जाती है, जिससे किसी भी तरह की अनियमितता की गुंजाइश नहीं रहती। इसके बावजूद वाहन स्वामी अभी तक इस नई व्यवस्था को अपनाने में रुचि नहीं दिखा रहे हैं। मंगलवार को सेक्टर 33ए स्थित इस्कॉन मंदिर और एआरटीओ कार्यालय के पास पहले की तरह ही वाहनों की फिटनेस की जांच के लिए लंबी लंबी कतारें देखने को मिली।
विज्ञापन


जल्द शुरू होगा दूसरा एटीएस सेंटर : अधिकारियों के अनुसार जनपद में कुल दो एटीएस सेंटर बनाए गए हैं। यह निजी कंपनी द्वारा विभाग की देख रेख में संचालित किए जा रहे हैं। इनमें से अभी एक का संचालन नए साल के पहले दिन से ही शुरू कर दिया गया है। जो कि दादरी में संचालित किया जा रहा है, लेकिन दूसरे का संचालन अभी तक शुरू नहीं हो सका है। ऐसे में कयास लगाए जा रहे हैं कि अगले एक माह के भीतर उसका भी संचालन शुरू कर दिया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

क्या हैं वजहें : परिवहन विभाग का मानना है कि लोगों में जागरूकता की कमी इस समस्या का मुख्य कारण है। कई वाहन मालिकों को अभी एटीएस की प्रक्रिया, स्थान और अनिवार्यता की पूरी जानकारी नहीं है, वहीं कुछ लोग पुराने मैनुअल सिस्टम के बंद होने को लेकर भ्रम की स्थिति में हैं। इसी वजह से एटीएस सेंटर पर अपेक्षित संख्या में वाहन नहीं पहुंच रहे हैं।


किया जा रहा जागरूक : अधिकारियों ने बताया कि विभाग द्वारा लगातार वाहन स्वामियों को एटीएस के प्रति जागरूक किया जा रहा है। जल्द ही प्रचार-प्रसार के माध्यम से लोगों को बताया जाएगा कि फिटनेस जांच अब केवल ऑटोमैटिक सिस्टम से ही मान्य होगी। फिलहाल, व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने और वाहनों की फिटनेस संबंधी जरूरतों को पूरा करने के लिए अगले कुछ दिनों तक मैनुअली जांच की प्रक्रिया जारी रखी जाएगी।



एटीएस सेंटर के प्रति शहरवासियों को जागरुक किया जा रहा है, फिलहाल कुछ दिनों के लिए मैनुअली प्रक्रिया भी जारी रहेगी, ताकि अव्यवस्था न हो।
-नंद कुमार, एआरटीओ प्रशासन, गौतमबुद्ध नगर
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article