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Noida News: अस्तौली में 800 टन कूड़ा रोजाना निस्तारित करने के लिए लगेगा प्लांट
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- करीब 183 करोड़ रुपये की लागत से होगा निर्माण
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। कूड़े की बढ़ती हुई समस्या से निपटने के लिए ग्रेनो प्राधिकरण रोजाना 800 टन कूड़ा निस्तारण करने की क्षमता का प्लांट अस्तौली में लगाएगा। इसके लिए निजी कंपनी की मदद ली जाएगी। करीब 183 करोड़ रुपये की लागत वाले इस प्रोजेक्ट में करीब 300 टन क्षमता का बाॅयो सीएनजी प्लांट भी लगाया जाना है।
प्राधिकरण के अधिकारियों के मुताबिक निजी कंपनी प्लांट को लगाएगी। इसके लिए जमीन प्राधिकरण देगा। यह कंपनी प्लांट के डिजाइन से लेकर इसे लगाने और संचालन की जिम्मेदारी उठाएगी। इसके लिए कंपनी चयन की प्रक्रिया 10 सितंबर से पहले पूरी हो जाएगी। कंपनी को नौ महीने में प्लांट पर काम शुरू कराना होगा। एक दिन में यहां करीब 800 टन कूड़ा निस्तारित करने की क्षमता विकसित होगी। कंपनी तय करेगी कि इस कूड़े से बिजली बनेगी या फिर ग्रीन कोल तैयार किया जाएगा। जिसका इस्तेमाल एनटीपीसी जैसी कंपनियां उपयोग कर सकेंगी।
इसके अलावा बाॅयोडिग्रेडेबल वेस्ट को निस्तारित करने के लिए भी 300 टन प्रतिदिन की क्षमता का एक बायो सीएनजी प्लांट यहां लगाया जाना है। इसके लिए भी टेंडर प्रक्रिया प्राधिकरण ने शुरू कर दी है। इस बायो सीएनजी को छोटे उद्योगों के अलावा वाहनों के उपयोग के लिए बेचा जाएगा।
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माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। कूड़े की बढ़ती हुई समस्या से निपटने के लिए ग्रेनो प्राधिकरण रोजाना 800 टन कूड़ा निस्तारण करने की क्षमता का प्लांट अस्तौली में लगाएगा। इसके लिए निजी कंपनी की मदद ली जाएगी। करीब 183 करोड़ रुपये की लागत वाले इस प्रोजेक्ट में करीब 300 टन क्षमता का बाॅयो सीएनजी प्लांट भी लगाया जाना है।
प्राधिकरण के अधिकारियों के मुताबिक निजी कंपनी प्लांट को लगाएगी। इसके लिए जमीन प्राधिकरण देगा। यह कंपनी प्लांट के डिजाइन से लेकर इसे लगाने और संचालन की जिम्मेदारी उठाएगी। इसके लिए कंपनी चयन की प्रक्रिया 10 सितंबर से पहले पूरी हो जाएगी। कंपनी को नौ महीने में प्लांट पर काम शुरू कराना होगा। एक दिन में यहां करीब 800 टन कूड़ा निस्तारित करने की क्षमता विकसित होगी। कंपनी तय करेगी कि इस कूड़े से बिजली बनेगी या फिर ग्रीन कोल तैयार किया जाएगा। जिसका इस्तेमाल एनटीपीसी जैसी कंपनियां उपयोग कर सकेंगी।
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इसके अलावा बाॅयोडिग्रेडेबल वेस्ट को निस्तारित करने के लिए भी 300 टन प्रतिदिन की क्षमता का एक बायो सीएनजी प्लांट यहां लगाया जाना है। इसके लिए भी टेंडर प्रक्रिया प्राधिकरण ने शुरू कर दी है। इस बायो सीएनजी को छोटे उद्योगों के अलावा वाहनों के उपयोग के लिए बेचा जाएगा।
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