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हाईकोर्ट ने आदेश का पालन न होने पर लगाई फटकार
Updated Fri, 23 Nov 2018 07:51 AM IST
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कुशक नाला सफाई मुद्दा :
आदेश का पालन न होने पर फटकार, 29 को पेश हो सभी अफसर
-हाईकोर्ट ने दिल्ली सरकार के संबंधित अधिकारियों को किया तलब
-कहा, साल भर कचरा डालते हैं और पांच दिन में साफ करने की सोचते हैं
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। हाईकोर्ट ने कई बार कहने के बाद भी कुशक नाले से मलबा न हटाए जाने पर नाराजगी जताई है। कोर्ट ने दिल्ली सरकार, पीडब्ल्यूडी, दक्षिणी दिल्ली, नगर निगम के संबंधित अफसरों के रवैये पर नाराजगी जताई है। कोर्ट ने नाराजगी जाहिर करते हुए पूछा कि उसके आदेशों की अवमानना के लिए उन्हें सजा क्यों न दी जाए। नाराज हाईकोर्ट ने सभी अफसरों को 29 नवंबर को कोर्ट में पेश होने का आदेश दिया है। हाईकोर्ट इससे पहले भी कुशक नाले की सफाई को लेकर सरकार व संबंधित एजेंसियों को फटकार लगा चुका है। हाईकोर्ट ने 28 जून को भी पीडब्ल्यूडी, दक्षिणी दिल्ली नगर निगम और दिल्ली जल बोर्ड को फटकार लगाई थी। हाईकोर्ट ने पीडब्ल्यूडी के सचिव, दिल्ली जलबोर्ड के सीईओ और दक्षिणी दिल्ली नगर निगम के आयुक्त को व्यक्तिगत रूप से मौके का मुआयना करने का निर्देश दिया था। हाईकोर्ट ने मामले की सुनवाई करते हुए कहा कि आप नाले में साल भर कचरा डालते हैं और उसे पांच दिन में साफ करने की सोचते हैं। आपने जो रिपोर्ट दी है उससे जमीनी हकीकत बिल्कुल अलग है। हम 21वीं सदी में रह रहे हैं, लेकिन आप अभी 17वीं सदी में जी रहे हैं। हाईकोर्ट ने 16 जून को कुशक नाला में मलबे और जलभराव की समस्या पर पीडब्ल्यूडी की खिंचाई करते हुए इस नाले की सफाई के लिए जिम्मेदार अधिकारी का नाम बताने को कहा था। हाईकोर्ट ने चेतावनी दी थी कि अगर कोई अधिकारी इस मसले पर कोर्ट को गुमराह करने की कोशिश करेगा तो वह उसे जेल में डाल देंगे।
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आदेश का पालन न होने पर फटकार, 29 को पेश हो सभी अफसर
-हाईकोर्ट ने दिल्ली सरकार के संबंधित अधिकारियों को किया तलब
-कहा, साल भर कचरा डालते हैं और पांच दिन में साफ करने की सोचते हैं
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। हाईकोर्ट ने कई बार कहने के बाद भी कुशक नाले से मलबा न हटाए जाने पर नाराजगी जताई है। कोर्ट ने दिल्ली सरकार, पीडब्ल्यूडी, दक्षिणी दिल्ली, नगर निगम के संबंधित अफसरों के रवैये पर नाराजगी जताई है। कोर्ट ने नाराजगी जाहिर करते हुए पूछा कि उसके आदेशों की अवमानना के लिए उन्हें सजा क्यों न दी जाए। नाराज हाईकोर्ट ने सभी अफसरों को 29 नवंबर को कोर्ट में पेश होने का आदेश दिया है। हाईकोर्ट इससे पहले भी कुशक नाले की सफाई को लेकर सरकार व संबंधित एजेंसियों को फटकार लगा चुका है। हाईकोर्ट ने 28 जून को भी पीडब्ल्यूडी, दक्षिणी दिल्ली नगर निगम और दिल्ली जल बोर्ड को फटकार लगाई थी। हाईकोर्ट ने पीडब्ल्यूडी के सचिव, दिल्ली जलबोर्ड के सीईओ और दक्षिणी दिल्ली नगर निगम के आयुक्त को व्यक्तिगत रूप से मौके का मुआयना करने का निर्देश दिया था। हाईकोर्ट ने मामले की सुनवाई करते हुए कहा कि आप नाले में साल भर कचरा डालते हैं और उसे पांच दिन में साफ करने की सोचते हैं। आपने जो रिपोर्ट दी है उससे जमीनी हकीकत बिल्कुल अलग है। हम 21वीं सदी में रह रहे हैं, लेकिन आप अभी 17वीं सदी में जी रहे हैं। हाईकोर्ट ने 16 जून को कुशक नाला में मलबे और जलभराव की समस्या पर पीडब्ल्यूडी की खिंचाई करते हुए इस नाले की सफाई के लिए जिम्मेदार अधिकारी का नाम बताने को कहा था। हाईकोर्ट ने चेतावनी दी थी कि अगर कोई अधिकारी इस मसले पर कोर्ट को गुमराह करने की कोशिश करेगा तो वह उसे जेल में डाल देंगे।