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नीट पेपर लीक: आरोपी मनीषा वाघमारे की जमानत याचिका राउज एवेन्यू कोर्ट ने खारिज की
Tue, 09 Jun 2026 03:19 PM IST
Vijay Singh Pundir
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
अमर उजाला नेटवर्क, नई दिल्ली
Published by: Vijay Singh Pundir
Updated Tue, 09 Jun 2026 03:19 PM IST
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प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला।
राउज एवेन्यू स्थित जिला अदालत ने नीट-यूजी पेपर लीक मामले में आरोपी शिक्षा सलाहकार मनीषा वाघमारे की जमानत अर्जी मंगलवार को खारिज कर दी। केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) द्वारा जांच किए जा रहे इस मामले में अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद यह आदेश पारित किया।
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वाघमारे की ओर से पेश वकील ने बचाव में कहा कि वह एक शिक्षा सलाहकार हैं और परामर्श सेवाओं से नियमित आय अर्जित करती हैं। बचाव पक्ष ने सीबीआई के वित्तीय लेनदेन वाले आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए कहा कि उनके खाते में जमा करीब साढ़े तीन लाख रुपये पैतृक संपत्ति से जुड़े उपहार विलेख के निष्पादन से प्राप्त हुए थे। यह भी दलील दी गई कि सीबीआई ने उनके घर की दो बार तलाशी ली, लेकिन वहां से न तो नकदी बरामद हुई न ही कोई ऐसा सामान मिला जो उन्हें अपराध से जोड़ता हो।
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वहीं, सीबीआई ने जमानत याचिका का विरोध करते हुए अदालत को बताया कि वाघमारे केवल शिक्षा सलाहकार नहीं थीं, बल्कि वह ब्यूटी पार्लर भी संचालित करती थीं और लीक प्रश्नपत्रों के प्रसार में सक्रिय भूमिका निभा रही थीं। जांच एजेंसी ने दावा किया कि वह छात्रों से पैसे लेकर परीक्षा के प्रश्न उपलब्ध कराने वाले नेटवर्क का अभिन्न हिस्सा थीं। सीबीआई ने उन अभ्यर्थियों के बयानों का भी हवाला दिया, जिन्होंने प्रश्नपत्र हासिल करने के लिए वाघमारे को भुगतान करने की बात स्वीकार की है।
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सह आरोपी यश यादव की अंतरिम जमानत पर 12 को सुनवाई
नीट-यूजी पेपर लीक मामले में गिरफ्तार एक अन्य आरोपी यश यादव ने भी राउज एवेन्यू कोर्ट में अंतरिम जमानत याचिका दायर की है। गुरुग्राम निवासी यश यादव उत्तराखंड आयुर्वेद विश्वविद्यालय के छात्र हैं और 21 जून को होने वाली नीट-यूजी की पुनः परीक्षा में शामिल होना चाहते हैं। उन्होंने अपनी बहन की शादी में शामिल होने के लिए भी 15 दिन की अंतरिम जमानत मांगी है। सीबीआई के विशेष न्यायाधीश अजय गुप्ता की अदालत ने इस मामले में सीबीआई से जवाब मांगा है और अगली सुनवाई 12 जून को तय की है।