Namo Bharat Train: सराय काले खां से कब शुरु होगी नमो भारत, दो मेगा ट्रांसपोर्ट हब पर मिलेंगी ये सुविधाएं
Namo Bharat Train: आनंद विहार और सराय काले खां आईएसबीटी को अत्याधुनिक बनाने की योजना भी है। यह काम दिल्ली परिवहन विभाग ने डीएमआरसी को सौंपा है। योजना के अनुसार, आनंद विहार में 22.48 एकड़ और सराय काले खां में 38.94 एकड़ जमीन में मल्टीमॉडल आईएसबीटी कॉम्प्लेक्स विकसित किया जाएगा।
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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रविवार को नमो भारत ट्रेन के साहिबाबाद से न्यू अशोक नगर कॉरिडोर का शुभारंभ करेंगे। नमो भारत राष्ट्रीय राजधानी में दो मेगा ट्रांसपोर्ट हब के विकास में मददगार बनेगी। यहां पर हवाई यातायात को छोड़कर परिवहन की सभी सुविधाएं मिलेंगी। इतना ही नहीं यहां से दिल्ली-एनसीआर और देश में कहीं भी जाने के लिए परिवहन सुविधा उपलब्ध होगी। आनंद विहार और सराय काले खां पर रीजनल रैपिड ट्रांजिस्ट सिस्टम (आरआरटीएस) की सुविधा इस साल शुरू हो जाएगी।
अधिकारियों के मुताबिक, सबसे पहले आनंद विहार में कुछ दिनों में ट्रेनों का संचालन शुरू हो जाएगा। वहीं, सराय काले खां पर जून तक परिचालन शुरू होगा। इससे इन दोनों जगहों पर दिल्ली से मेरठ बस कुछ ही मिनट में पहुंचा जा सकेगा। आनंद विहार और सराय काले खां पर रेलवे स्टेशन, बस अड़्डे, मेट्रो व आरआरटीएस की सुविधा होगी। ऐसे में आनंद विहार और सराय काले खां को मेगा ट्रांसपोर्ट हब के रूप में विकसित किया जा रहा है।
परिवहन के सभी माध्यम आपस में होंगे कनेक्ट
दोनों ही जगहों पर परिवहन के सभी माध्यमों में कनेक्टिविटी होगी। इससे यात्री बिना किसी बाधा के सभी परिवहन माध्यमों की सुविधा ले संकेगे। मेट्रो से यदि कोई सराय काले खां में आता है और उसे रेलवे स्टेशन जाना है तो वह बिना बाहर निकले मेट्रो स्टेशन से ही रेलवे स्टेशन जा सकेगा। इसी तरफ आरआरटीएस से आने वाला यात्री बिना बाहर निकले मेट्रो स्टेशन और रेलवे स्टेशन में जा सकेंगे। यह सुविधा आनंद विहार और सराय काले खां पर मिलेगी।
सराय काले खां पर तीन आरआरटीएस कॉरिडोर बनेंगे
सराय काले खां पर आरआरटीएस के तीन कॉरिडोर बनेंगे। इनमें से एक कॉरिडोर दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ कॉरिडोर का निर्माण कार्य अंतिम चरण में है। इस साल जून से पहले नमो भारत ट्रेनों का संचालन यहां पर शुरू हो सकता है। दिल्ली से पानीपत और दिल्ली से अलवर तक के कॉरिडोर का भी निर्माण यहां पर होना है। यह तीनों काॅरिडोर आरआरटीएस के पहले फेज के हैं। इसके बाद पांच अन्य कॉरिडोर भी हैं। इनका निर्माण होना है। इन सभी पर कॉरिडोर पर नमो भारत ट्रेनों की रफ्तार दिल्ली मेट्रो से तीन गुना अधिक होगी। ऐसे में दिल्ली से एनसीआर के किसी भी शहर में आवागमन एक घंटे से कम समय में हो सकेगा।
फेज-दो में बनाए जाएंगे पांच कॉरिडोर
आरआरटीएस के फेज-दो में दिल्ली से एनसीआर के प्रमुख शहरों को जोड़ने के लिए पांच कॉरिडोर प्रस्तावित हैं। इसमें दिल्ली-फरीदाबाद-बल्लभगढ़-पलवल, गाजियाबाद-खुर्जा, दिल्ली-बहादुरगढ़-रोहतक, गाजियाबाद-हापुड़ और दिल्ली-शाहदरा-बड़ौत शामिल हैं। इन कॉरिडोर के बनने से दिल्ली में आवाजाही करना न केवल आसान होगा, बल्कि किफायती भी होगा। समय की बचत के साथ ही प्रदूषण में भी कमी आएगी। लोग अपने निजी वाहनों को छोड़कर आरआरटीएस में सफर करेंगे।
बस अड्डों को बनाया जाएगा अत्याधुनिक
आनंद विहार और सराय काले खां आईएसबीटी को अत्याधुनिक बनाने की योजना भी है। यह काम दिल्ली परिवहन विभाग ने डीएमआरसी को सौंपा है। योजना के अनुसार, आनंद विहार में 22.48 एकड़ और सराय काले खां में 38.94 एकड़ जमीन में मल्टीमॉडल आईएसबीटी कॉम्प्लेक्स विकसित किया जाएगा। आईएसबीटी कांप्लेक्स में व्यावसायिक केंद्र भी विकसित किया जाएगा। यहां कार्यालय, मनोरंजन केंद्र और खानपान की भी सुविधा होगी।
इसके अलावा इस कांप्लेक्स में बस प्लेटफार्म, आपरेटर आफिस, बस पार्किंग, यात्रियों के लिए वेटिंग रूम, कार, टैक्सी, ऑटो व ई-रिक्शा से पहुंचने वाले यात्रियों के लिए पिक एंड ड्राॅप के लिए जगह निर्धारित होगी। इसके अलावा फ्यूल स्टेशन, ई-वाहनों के लिए चार्जिंग प्वाइंट, कार पार्किंग व बसों के रखरखाव की सुविधा होगी। इसमें सौर ऊर्जा, वर्षा जल संग्रहण की भी सुविधा होगी। इसका मुख्य मकसद आनंद विहार और सराय काले खां में एकीकृत परिवहन सुविधा विकसित कर यातायात सुचारू करना है, ताकि सार्वजनिक परिवहन के इन चारों माध्यमों के बीच बेहतर जुड़ाव हो सके।