ढेर सारी घोषणाओं के साथ पीएम मोदी करेंगे दलित वोट में सेंध लगाने की कोशिश
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‘स्टैंडअप इंडिया’ के तहत होने वाली ढेर सारी घोषणाओं का सीधा असर दलित वोटों में सेंध लगाना है। इसकी शुरुआत मंगलवार को नोएडा से पीएम नरेंद्र मोदी करेंगे। माना जा रहा है कि यह आगामी विधान सभा चुनाव का ही बिगुल है।
मालूम हो कि गरीब तबके के लोग विशेषकर दलितों के लिए ही ‘स्टैंपअप इंडियां’ की शुरुआत है। दलित महिलाएं या पुरुष उनके लिए बैंकों में लोन के दरवाजे खुल जाएंगे। ई-रिक्शा की बात हो या फिर कोई अपना काम करने की इच्छा, सभी बातें पूरी की जाएंगी।
पैर से धक्का लगाने वाले रिक्शा चालकों के लिए सुनहरा मौका है। ज्यादातर लोग गरीब और दलित ही हैं। उनको सम्मानजनक तरीके से ई-रिक्शा का मालिक बनाने की योजना है।
प्रदेश में जीत के लिए दलित वोट निर्णायक होते हैं
दरअसल, आगामी विधान सभा के चुनाव 2017 में होने हैं। प्रदेश में जीत के लिए दलित वोट निर्णायक होते हैं। क्योंकि हाल में ही कुछ सर्वे आए, जिसमें दलित वोट के सहारे ही बसपा को सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभरते दिखाया गया है।
दलित वोट को अपनी ओर आकर्षित करने के लिए केंद्र सरकार ने स्टैंडअप इंडिया महात्वाकांक्षी योजना लांच की है। इसका असर सिर्फ प्रदेश में ही नहीं बल्कि देशभर में देखा जाएगा।
उत्तर प्रदेश की बात करें तो यहां पर कुल 73 सांसद बीजेपी के हैं। उनमें 17 सांसद दलित हैं। निश्चित तौर से प्रदेशभर के दलित सांसद पीएम के स्टैंडअप इंडिया के कायर्क्रम की सराहना कर रहे हैं।
आगामी विधान सभा चुनाव से बीजेपी डरी हुई है
निचले पायदान पर खड़े हर व्यक्ति को विकास की धारा से जोड़ने का काम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कर रहे हैं। जिनके विकास में अभी तक किसी भी राजनीतिक पार्टी ने ध्यान नहीं दिया है, उस काम को केंद्र सरकार कर रही है। दूसरे राजनीतिक दलों को यह बात पच नहीं रही है। उन्हें इसी बात का डर है कि कमजोर तबके लोगों का उत्थान हो गया तो वह सच्चाई जान लेंगे।
डॉ.महेश शर्मा, केंद्रीय मंत्री
बीजेपी का सिर्फ दिखावा है। आगामी विधान सभा चुनाव से बीजेपी डरी हुई है। अभी तक इनको दलित याद क्यों नहीं आ रहे थे। जैसे ही चुनाव नजदीक आ रहा है, घोषणाएं शुरू हो गई हैं। लेकिन सच्चाई यह है दलित वोट भावनाओं में बहने वाला नहीं है। प्रदेश की सपा सरकार ने दलित ही नहीं बल्कि हर तबके के विकास के लिए काम किया है।
मदन चौहान, प्रदेश के मनोरंजन कर मंत्री
जैसे ही प्रदेश में विधान सभा का चुनाव निकट आ रहा है, यह बीजेपी का दलितों को प्रभावित करने का ड्रामा है। दलित का विश्वास सिर्फ बसपा मुखिया मायावती पर ही है। दलित जानते हैं कि बीजेपी की कथनी और करनी में काफी अंतर है। इसलिए दलित बहकावे में नहीं आने वाला है।
करतार सिंह नागर, बसपा मेरठ मंडल कोआर्डिनेटर