जेएनयू हिंसाः एसआईटी ने आईशी के लिए तैयार की थी 100 सवालों की सूची, पढ़ें जवाब
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अपराध शाखा की एसआईटी ने जेएनयू छात्र संघ अध्यक्ष आईशी घोष से पूछताछ करने के लिए पूरी तैयारी की थी। आईशी घोष से पूछताछ करने के लिए एसआईटी ने 100 से ज्यादा सवालों की सूची तैयार की थी। आईशी घोष ने अधूरे मन से कुछ ही सवालों का जवाब दिया। कुछ सवालों के आईशी घोष ने जवाब नहीं दिया।
करीब 20 से 25 मिनट हुई पूछताछ में आईशी घोष ने वसंतकुंज थाने में दी अपनी शिकायत को ही अपना बयान बताया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आईशी घोष ने पूछताछ में सहयोग नहीं किया। एसआईटी के सदस्यों ने आईशी घोष ने जेएनयू छात्र संघ कार्यालय में जाकर पूछताछ की। एसआईटी के पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आईशी से फिर से जल्द ही पूछताछ की जाएगी।
पढ़ें- आइसी घोष से पूछे गए सवाल और जवाब
आईशी घोष ने कहा कि वह जेएनयू में हॉस्टल की फीस बढ़ाने को विरोध कर रही है। छात्र यहां पढने आए है। ज्यादा छात्र गरीब परिवारों के हैं वह कैसे बढ़ी फीस दे पाएंगे।
. क्या उन्होंने छात्रों को रजिस्ट्रेशन के लिए रोका था।
इस पर आईशी घोष ने कहा कि वह रजिस्ट्रेशन का विरोध कर रही है उसने किसी को रोका नहीं था। न ही किसी के साथ मारपीट की थी।
. अन्य छात्रों के साथ सर्वर रूप में तोड़फोड़ की थी।
जेएनयू छात्र संघ अध्यक्ष ने सर्वर रूम में तोड़फोड़ की बात से इंकार किया।
. पेरियर हॉस्टल में अन्य छात्रों के साथ क्यों गई थीं।
आईशी घोष ने कहा कि वह पेरियर हॉस्टल में देखने गई थी कि वहां क्या हो रहा है।
. क्या वह पेरियर हॉस्टल में तोड़फोड़ करने वाले किसी आरोपी को जानती है।
जेएनयू छात्र संघ अध्यक्ष ने कहा कि वह किसी भी आरोपी व पत्थरबाज को नहीं जानती है।
. आपके ऊपर हमला किसने और कैस किया।
आइसी घोष ने आरोप लगाया कि एबीवीपी के लोगों ने उनके ऊपर हमला किया गया है। उसकी हत्या का प्रयास किया गया।
. आप साबरमती कब और कैसे पहुंची थीं।
आईशी घोष ने कहा कि वह साबरमती में मौजूद थी, तभी नकाबपॉश लोगों ने उनके ऊपर हमला कर दिया। इसके बाद आईशी घोष ने कहा कि उसने पुलिस में जो शिकायत दी है वही उसके बयान हैं।
पहले नौ आरोपियों से पूछताछ की जाएगी
एसआईटी के आला पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पहले उन नौ आरोपियों से पूछताछ की जाएगी जिन आरोपियों के पुलिस ने फोटो जारी किए थे। इसके बाद व्हाट्सएप ग्रुप से पहचान गए 44 लोगों से पूछताछ की जाएगी। उन्हें अगले सप्ताह बुलाया गया है। सभी को नोटिस भेजा जा चुका है।