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नागरिकता संशोधन कानूनः दूसरे दिन भी जारी है जामिया के छात्रों का प्रदर्शन, सभी परीक्षाएं स्थगित
Sat, 14 Dec 2019 02:00 PM IST
पूजा त्रिपाठी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: पूजा त्रिपाठी
Updated Sat, 14 Dec 2019 02:00 PM IST
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जामिया में छात्रों का प्रदर्शन, सेमेस्टर परीक्षाओं का किया बहिष्कार
- फोटो : अमर उजाला
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नागरिकता संशोधन अधिनियम के खिलाफ देश के उत्तर-पूर्वी राज्यों में चल रहे विरोध प्रदर्शन की आंच दिल्ली पहुंच चुकी है। शुक्रवार के बाद आज शनिवार को भी दिल्ली स्थित जामिया मिल्लिया इस्लामिया विश्वविद्यालय के छात्र कैब के विरोध में प्रदर्शन कर रहे हैं। जामिया में सभी परीक्षाएं स्थगित कर दी गई हैं। साथ ही 16 दिसंबर से 5 जनवरी तक के लिए यूनिवर्सिटी में छुट्टियों का एलान कर दिया गया है।
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सेमेस्टर परीक्षा के बहिष्कार व हड़ताल की घोषणा
जामिया के छात्रों ने नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में शनिवार को विश्वविद्यालय बंद और सेमेस्टर परीक्षा के बहिष्कार की घोषणा की है। छात्र अजीज का कहना है कि लोकतंत्र में विरोध का अधिकार है। छात्र शांति से संसद तक जुलूस निकाल रहे थे, लेकिन पुलिस ने बर्बरता से लाठीचार्ज व आंसू गैस के गोले छोड़े, इसलिए 14 को जामिया बंद की घोषणा की गई है। शनिवार को कोई सेमेस्टर परीक्षा नहीं होगी।
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केंद्रीय विवि शिक्षक संघ ने जताई नाराजगी
छात्रों के इस प्रदर्शन में जामिया के शिक्षकों का भी सहयोग है और शिक्षक संघ ने छात्रों के साथ हुई मारपीट का विरोध भी किया है। जेएनयू, डीयू और जामिया में मांगों को लेकर विरोध जताते छात्रों और शिक्षकों के साथ मारपीट को लेकर केंद्रीय विश्वविद्यालय शिक्षक संघ ने नाराजगी जताई है। फेडरेशन ऑफ सेंट्रल यूनिवर्सिटीज टीचर्स एसोसिएशन के महासचिव प्रो. डीके लोबियाल के मुताबिक, लोकतंत्र में अपनी बात रखने का अधिकार है।
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जेएनयू छात्र हॉस्टल फीस बढ़ोतरी रोलबैक, जामिया मिल्लिया इस्लामिया में छात्र व शिक्षक नागरिकता संशोधन कानून का विरोध और डीयू के शिक्षक अपनी मांगों को लेकर विरोध दर्ज करा रहे हैं। इस प्रकार लोकतंत्र में विरोध दर्ज करवाने पर लाठीचार्ज की घटना निंदनीय है।