'मैं शर्मिंदा हूं! मोदी को लेकर जो सपना देखा उससे निराशा मिली'
वरिष्ठ वकील राम जेठमलानी आज वन रैंक वन पेंशन को लेकर प्रदर्शन कर रहे पूर्व सैनिकों के समर्थन के लिए जंतर-मंतर पहुंचे। उन्होंने सरकार की आलोचना करते हुए सैनिकों के समर्थन की अपील की।
जेठमलानी ने जंतर-मंतर पर कहा कि मैं भाजपा का संस्थापक सदस्य रहा हूं, लेकिन बाद में मुझे पार्टी से निकाल दिया गया। वो सब ठीक है लेकिन देश के प्रति मेरी वफादारी कम नहीं हो सकती।
जेठमलानी के मुताबिक वे पूर्व सैनिकों के बीच इसलिए आए क्योंकि वे आश्वसत कराना चाहते हैं कि उनकी जीवन में को महत्तवाकांक्षा नहीं है। वे सिर्फ जो प्यार और सम्मान देश की जनता से उन्हें मिला है, उसके लिए कुछ करना चाहते हैं।
'वित्त मंत्री आपके और राष्ट्र के दुश्मन हैं'
जेठमलानी ने केंद्र सरकार और पीएम मोदी पर तीखा हमला करते हुए कहा कि मैं शर्मिंदा हूं क्योंकि मोदी को लेकर मैनें जो सपना देखा था उस पर पीएम खरे नहीं उतर पाए और मुझे निराशा हाथ लगी है। वित्त मंत्री आपके (पूर्व सैनिकों) दुश्मन हैं और देश के भी दुश्मन हैं।
ये दुर्भाग्यपूर्ण है कि राजनेता इस समय राष्ट्र को नीचा दिखा रहे हैं। मैं यह कहते हुए शर्मिंदा हूं कि मैं भी एक राजनेता हूं लेकिन उन नेताओं में से नहीं हूं, जो अपने देश और दोस्तों को भूल जाते हैं।
वहीं प्रदर्शन कर रहे रिटायर्ड मेजर जनरल सतबीर सिंह ने कहा कि हम आज भी अपना जीवन देश के लिए कुर्बान करने के लिए तैयार हैं लेकिन उनके साथ कोई अन्याय नहीं होना चाहिए।