फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi NCR ›   Gurugram News ›   Role of Jaipur Fortis doctors in kidney transplant case doubtful

Gurugram News: किडनी ट्रांसप्लांट मामले में जयपुर फोर्टिस के डाॅक्टरों की भूमिका संदिग्ध

Sat, 20 Apr 2024 01:06 AM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Sat, 20 Apr 2024 01:06 AM IST
विज्ञापन
Role of Jaipur Fortis doctors in kidney transplant case doubtful
स्वास्थ्य विभाग की जांच में खुलासा, डॉक्टरों को पता होता था कि किडनी देने व लेने वाले में खून का रिश्ता नहीं है
विज्ञापन


मयंक तिवारी

गुरुग्राम। स्वास्थ्य विभाग की मिली भगत से किडनी प्रत्यारोपण के मामले में फोर्टिस अस्पताल जयपुर के सर्जरी करने वाले डाक्टरों की भूमिका संदिग्ध है। विभागीय जांच रिपोर्ट में इस बात का जिक्र है कि अस्पताल प्रबंधन से लेकर आपरेशन करने वाले डाक्टरों को पूरी अनियमितता का पता होता था। मोटी रकम के लालच में उनकी ओर से एक के बाद एक ऑपरेशन किए गए।

अब तक की पुलिस व विभागीय जांच में इस बात का खुलासा हुआ है कि अस्पताल प्रबंधन और डॉक्टरों को किडनी ट्रांसप्लांट के दौरान पता होता था कि किडनी देने व लेने वाले का आपस में खून का रिश्ता नहीं है। डॉक्टर स्वास्थ्य विभाग की एनओसी को देखकर आगे बढ़ जाते थे। इस मामले में एंटी करप्शन ब्यूरो की टीम ने फोर्टिस अस्पताल के दो समन्वयकों से पूछताछ के बाद जेल भेज दिया है। उसमें विनोद सिंह और गिरीराज शर्मा शामिल हैं।
विज्ञापन

आईएएस अधिकारी रश्मि गुप्ता की जांच रिपोर्ट के बाद जयपुर कमिश्नरेट की पुलिस ने फोर्टिस जयपुर के खिलाफ मामला दर्ज किया है। सूत्रों की माने तो शहर के अन्य नामी-गिरामी अस्पताल भी पुलिस के निशाने पर हैं। जिनके खिलाफ भी मामला दर्ज किया जाएगा। इसके लिए कोई अलग से एफआईआर नहीं होगी आगे जांच में ही इनको एक ही एफआईआर में मर्ज किया जाएगा। अंग प्रत्यारोपण की एनओसी की जांच में ईएचसीसी अस्पताल का नाम सामने आ चुका है। पुलिस उसके समन्वयक अनल जोशी को भी गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है।
विज्ञापन
विज्ञापन

----
डॉक्टरों का पैकेज जानना चाहती है एसबी
एंटी करप्शन ब्यूरो की ओर से जयपुर फोर्टिस और ईएचसीसी अस्पताल के सर्जन से उनके पैकेज के बारे में जानकारी मांगी थी। एसीबी यह जानना चाहती है कि अस्पताल प्रबंधन की ओर से इन काली करतूत के कितने पैसे लिए जाते थे और उनका बंटवारा किस तरह से होता था। एसीबी के अधिकारी के अनुसार अस्पताल प्रबंधन की ओर से कुछ कागजात दिए गए हैं, मगर अन्य कागजात आना बाकी है।
----

गुरुग्राम में शरण लेने वाले विदेशी मरीजों के बयान पर फोर्टिस पर कसा शिकंजा

स्वास्थ्य विभाग की ओर से जांच रिपोर्ट दी गई है। उसमें गुरुग्राम में शरण लेने वाले पांचों बांग्लादेशी मरीजों के बयान का जिक्र हैं। इसमें उन्होंने कहा कि मुर्तुजा अंसारी व फोर्टिस जयपुर अस्पताल प्रबंधन से बातचीत के बाद अपनी किडनी का ट्रांसप्लांट कराया है।




वर्जन

किडनी ट्रांसप्लांट करने वाले अस्पताल प्रबंधन की ओर से कागजात जमा कराने में कोताही बरती जा रही है। जल्द ही उनसे अन्य कागजात लेने के लिए नोटिस जारी किया जाएगा। - भूपेन्द्र कुमार, एडिशनल एसपी, एसीबी जयपुर।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed