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आस्ट्रेलिया की तकनीक से होगा प्रदूषण पर नियंत्रण
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फरीदाबाद। आस्ट्रेलिया की तकनीक से शहर में बढ़ते प्रदूषण को नियंत्रित किया जाएगा। इसके लिए शहर में तीन जगहों पर कंटीन्यूअस एमवीएंट एयर क्वालिटी मॉनिटरिंग स्टेशन (सीएएक्यूएमएस) स्थापित किए जाएंगे। इस योजना पर करीब साढ़े चार करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। इससे वायु शुद्धता की सटीक जानकारी क्षेत्रीय पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड को मिल सकेगी। इसके लिए पंचकुला मुख्यालय से विभाग को अनुमति मिल गई है। फिलहाल शहर में दो जगह ये स्टेशन कार्य कर रहे हैं।
क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारियों ने बताया कि स्मार्ट सिटी फरीदबाद में वर्तमान में सेक्टर-16 और बल्लभगढ़ स्थित नत्थू कॉलोनी में स्टेशन कार्यरत है। इनमें केवल एक से दो किलो मीटर तक के दायरे में आने वाले प्रदूषण को मापा जा सकता है। ऐसे में इन दोनों स्टेशन से 207.8 वर्ग किलोमीटर में फैले शहर में प्रदूषण स्तर की समुचित जानकारी जुटाना संभव नहीं है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की वेबसाइट पर आ रही डेली बुलेटिन में ही सेक्टर-16 और बल्लभगढ़ के कुछ हिस्से रिपोर्ट मिल पाती है। उसे पूरे शहर के प्रदूषण का आंकड़ा माना जाता है। इन्हीं परेशानियों को दूर करने के लिए 3 और उक्त स्टेशन बनाने की योजना तैयार की गई है। ये स्टेशन एनआईटी, नहर पार और आईएमटी में स्थापित किए जाएंगे। इन क्षेत्रोें में औद्योगिक इकाइयां बहुत है। अक्सर शिकायत रहती है कि इन क्षेत्रों में प्रदूषण स्तर काफी रहता है। इसलिए यहां इसे स्थापित करने की योजना है। इसके बाद इन क्षेत्रों में प्रदूषण स्तर की पल-पल मॉनिटरिंग होगी।
पीएम-10 की मिलेगी सटीक जानकारी
सेक्टर-16 और बल्लभगढ़ स्थित स्टेशन में पीएम-10 को नहीं मापा जा रहा है। दोनों स्थानों पर मापने की कोई ऐसी व्यवस्था नहीं है। इसके अलावा वहां तापमान को मापने की भी व्यवस्था नहीं है। इससे विभाग को पीएम-10 और तापमान की समुचित जानकारी नहीं मिल पाती है। उक्त तीनों जगहों पर स्थापित होने वाले स्टेशन में लगने वाले मशीन को आस्ट्रेलिया से मंगाया जाएगा। इनसे पीएम-2.5 के अलावा पीएम-10, हवा की रफ्तार, दिशा, तापमान की जानकारी मिलेगी।
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शहर में बढ़ते प्रदूषण पर नियंत्रण के लिए प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने व्यापक स्तर पर तैयारी की है। इसके लिए आस्ट्रेलिया से अत्याधुनिक तकनीक से लैस तीन मशीन मंगाई जा रही है। इन्हें अलग-अलग क्षेत्रों में स्थापित किया जाएगा। इनसे पीएम-10 तक की पूरी जानकारी मिल सकेगी। इसके बाद वहां प्रदूषण नियंत्रण के लिए काम किया जाएगा। - जय भगवान, क्षेत्रीय अधिकारी, एचएसपीबीसी
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क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अधिकारियों ने बताया कि स्मार्ट सिटी फरीदबाद में वर्तमान में सेक्टर-16 और बल्लभगढ़ स्थित नत्थू कॉलोनी में स्टेशन कार्यरत है। इनमें केवल एक से दो किलो मीटर तक के दायरे में आने वाले प्रदूषण को मापा जा सकता है। ऐसे में इन दोनों स्टेशन से 207.8 वर्ग किलोमीटर में फैले शहर में प्रदूषण स्तर की समुचित जानकारी जुटाना संभव नहीं है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की वेबसाइट पर आ रही डेली बुलेटिन में ही सेक्टर-16 और बल्लभगढ़ के कुछ हिस्से रिपोर्ट मिल पाती है। उसे पूरे शहर के प्रदूषण का आंकड़ा माना जाता है। इन्हीं परेशानियों को दूर करने के लिए 3 और उक्त स्टेशन बनाने की योजना तैयार की गई है। ये स्टेशन एनआईटी, नहर पार और आईएमटी में स्थापित किए जाएंगे। इन क्षेत्रोें में औद्योगिक इकाइयां बहुत है। अक्सर शिकायत रहती है कि इन क्षेत्रों में प्रदूषण स्तर काफी रहता है। इसलिए यहां इसे स्थापित करने की योजना है। इसके बाद इन क्षेत्रों में प्रदूषण स्तर की पल-पल मॉनिटरिंग होगी।
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पीएम-10 की मिलेगी सटीक जानकारी
सेक्टर-16 और बल्लभगढ़ स्थित स्टेशन में पीएम-10 को नहीं मापा जा रहा है। दोनों स्थानों पर मापने की कोई ऐसी व्यवस्था नहीं है। इसके अलावा वहां तापमान को मापने की भी व्यवस्था नहीं है। इससे विभाग को पीएम-10 और तापमान की समुचित जानकारी नहीं मिल पाती है। उक्त तीनों जगहों पर स्थापित होने वाले स्टेशन में लगने वाले मशीन को आस्ट्रेलिया से मंगाया जाएगा। इनसे पीएम-2.5 के अलावा पीएम-10, हवा की रफ्तार, दिशा, तापमान की जानकारी मिलेगी।
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शहर में बढ़ते प्रदूषण पर नियंत्रण के लिए प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने व्यापक स्तर पर तैयारी की है। इसके लिए आस्ट्रेलिया से अत्याधुनिक तकनीक से लैस तीन मशीन मंगाई जा रही है। इन्हें अलग-अलग क्षेत्रों में स्थापित किया जाएगा। इनसे पीएम-10 तक की पूरी जानकारी मिल सकेगी। इसके बाद वहां प्रदूषण नियंत्रण के लिए काम किया जाएगा। - जय भगवान, क्षेत्रीय अधिकारी, एचएसपीबीसी