पकौड़े तल कर किया PM मोदी का विरोध तो लगा 80 हजार रुपयों का जुर्माना, और भी मिली सजा
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आए दिन सुर्खियों में रहने वाली जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी एक बार फिर चर्चा में है। इस बार विश्वविद्यालय के चार छात्रों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विरोध में पकौड़े बेचे जिसको लेकर जेएनयू फिलहाल चर्चा में है।
जेएनयू ने अपने चार छात्रों पर अनुशासनहीनता का आरोप लगाते हुए 20-20 हजार रुपए का जुर्माना ठोका है। साथ ही एक स्टूडेंट को हॉस्टल से भी बेदखल कर दिया है तो वहीं अन्य तीन छात्रों का हॉस्टल बदल दिया गया है।
बता दें कि पीएम मोदी ने एक इंटरव्यू में पकौड़े बेचने को रोजगार बता दिया था, उनके इस बयान का ओपोजिशन ने काफी विरोध किया। एनएसयूआई से जुड़े जेएनयू के छात्रों ने भी पीएम के इस बयान के साथ-साथ विश्वविद्यालय में अनिवार्य उपस्थिति के आदेश के विरोध में 5 फरवरी को पकौड़ा बेचकर प्रदर्शन किया था।
चीफ प्रोक्टर ने इस हरकत को अनुशासनहीनता का नाम दिया
युनिवर्सिटी के चीफ प्रोक्टर ने छात्रों की इस हरकत को अनुशासनहीनता का नाम दे दिया था। प्रोक्टर ने अपने आदेश में कहा, ‘प्रथम दृष्टि में यह पाया गया कि आप लोगों ने साबरमती बस स्टैंड के पास सड़क को ब्लॉक किया और प्रशासनिक भवन के पास स्थित टी-प्वाइंट पर भी आप लोगों की वजह से जाम लगा था, जिसके कारण छात्रों और बाकी सारे स्टाफ को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
हॉस्टल का सामान लेकर जाने वाले वाहनों को भी काफी दिक्कत हुई। इसके अलावा चीफ सिक्योरिटी ऑफिसर (सीएसओ) ने आपको कई बार प्रदर्शन के स्थान पर पकौड़ा तलने से मना किया था, लेकिन आप लोगों ने उनकी बात नहीं मानी।
वहीं आप लोगों ने प्रदर्शन के स्थान पर रात को फिल्म भी दिखाई और इलेक्ट्रिक केबल भी अपने साथ लेकर गए। यह सारी हरकतें अनुशासनहीनता के तहत आती हैं।’