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अमर उजाला असर: हाईवे पर बनेंगे पांच फुटओवर ब्रिज
ऐहतेशाम उद्दीन अहमद/अमर उजाला, फरीदाबाद
Updated Tue, 13 Jun 2017 05:53 PM IST
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- फोटो : अमर उजाला
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राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण औद्योगिक नगरी से गुजर रहे सिक्सवे नेशनल हाईवे-2 पर पैदल यात्रियों के लिए पांच जगह फुटओवर ब्रिज बनवाएगा। एनएचएआई अधिकारियों ने जिला प्रशासन के जरिए ट्रैफिक पुलिस ने उन स्थानों का विवरण मांगा है जहां पैदल यात्री सबसे ज्यादा सड़क पार करते हैं।
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ट्रैफिक पुलिस की रिपोर्ट आते ही शहर के गुजर रहे करीब 13 किलोमीटर नेशनल हाईवे पर पांच एफओबी बनाने की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। अमर उजाला ने सिक्सलेन हाईवे पार करने वाले पैदल यात्रियों की मौत की खबर छापते हुए एफओबी और सबवे बनाए जाने का मुद्दा प्रमुखता से उठाया था।
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आजादी के बाद निसन हट्स के रूप में बसी औद्योगिक नगरी वर्तमान में करीब 20 लाख आबादी वाला महानगर बन चुकी है। कभी ओल्ड फरीदाबाद तक सीमित यह शहर अब नहरपार और सैनिक कॉलोनी के आगे तक बस चुका है।
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कभी शहर के किनारे से गुजरने वाला नेशनल हाईवे आबादी बढने के बाद से औद्योगिक नगरी को अब दो हिस्सों में बांटता है। शहर में एक ओर एनआईटी का हिस्सा है तो दूसरी ओर सेक्टर 12 लघु सचिवालय परिसर, कोर्ट और सेक्टरों की आबादी। यातायात का दबाव देखते हुए नेशनल हाईवे दो को भी सिक्सलेन में तब्दील किया जा रहा है।
शहर में इधर से उधर जाने वाले वाहनों के लिए एनएचएआई ने छह फ्लाईओवर बनाए ताकि लंबी दूरी के वाहनों को इनकी वजह से दिक्कत न आए लेकिन पैदल यात्रियों के लिए कोई इंतजाम नहीं किया गया। फरवरी-मार्च में सिक्सलेन के ओल्ड, नीलम अजरौंदा और बाटा फ्लाईओवर चालू कर दिए गए। अप्रैल माह में हाईवे पार करने में तेज गति वाहनों की चपेट में आने से चार यात्रियों की मौत हुई थी।
अमर उजाला ने उठाया था मुद्दा
नेशनल हाईवे पर पैदल यात्रियों के लिए फुटओवर ब्रिज या सबवे नहीं होने की वजह से पैदल यात्रियों की मौत का मुद्दा अमर उजाला ने 1 मई 2017 को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। खबर छपने के बाद एनएचएआई ने पांच ओवर ब्रिज बनाने का निर्णय लिया। अधिकारियों ने डीसी समीरपाल सरों और पुलिस आयुक्त डॉ. हनीफ कुरैशी के साथ बैठक कर पांच स्थान जहां से अधिक पैदल यात्री सड़क पार करते हैं को चिह्नित करने को कहा। ट्रैफिक पुलिस ने पांच स्थानों के चयन के लिए सर्वे भी शुरू कर दिया है, सर्व रिपोर्ट तैयार होते ही एफओबी निर्माण शुरू कर दिया जाएगा।
नेशनल हाईवे को दोनों ओर से रेलिंग से कवर कर दिया जाएगा ऐसे में पैदल यात्रियों के लिए सड़क पार करने के लिए एफओबी की जरूरत महसूस की जा रही है। बदरपुर बॉर्डर से बल्लभगढ़ के बीच पांच एफओबी बनाए जाने का प्रस्ताव एनएचएआई मुख्यालय भेजा गया है। डीसी और पुलिस आयुक्त के साथ हुई बैठक में निर्माण जल्दी कराने का निर्णय लिया गया है। -सुधीर सिंह प्रबंधक (तकनीकी) एनएचएआई
नेशनल हाईवे पर उन जगहों पर एफओबी बनवाए जाएंगे जहां पर अप्रोच रोड से पैदल यात्री ज्यादा आते हैं, इनमें इंडस्ट्रियल एरिया का कुछ इलाका भी है। फिलहाल सर्वे चल रहा है। पांच स्थान चिह्नित कर जल्द ही एनएचएआई को रिपोर्ट भेजी जाएगी। -वीरेंद्र विज डीसीपी ट्रैफिक
इन जगहों पर इंतजाम जरूरी
अमर उजाला ने रोड सेफ्टी ऑर्गनाइजेशन के वरिष्ठ उपाध्यक्ष एसके शर्मा के साथ नेशनल हाईवे का सर्वे किया। सर्वे में अमर उजाला ने उन स्थानों को चिह्नित किया जहां पैदल यात्रियों के लिए इंतजाम जरूरी हैं। इनमें दस नंबर भट्ठा, मेवला महाराजपुर मोड़, मैग्पाई चौक, मुजेसर फाटक, वाईएमसीए चौक, गुडईयर चौक पर पैदल और साइकिल यात्री सुबह शाम सड़क पार करते पाए गए। एसके शर्मा कहते हैं कि इन जगहों पर एफओबी या अंडर पास बनना बहुत जरूरी है, यदि ऐसा नहीं हो तो कम से कम संकेतक, जेब्रा क्रॉसिंग और रेड लाइट की व्यवस्था की जाए।
मुजेसर फाटक वाले रास्ते पर हो रात्रि प्रकाश व्यवस्था
एसके शर्मा के साथ किए गए सर्वे में हाईवे पर मुजेसर फाटक सबसे संवेदनशील स्थान पाया गया। अकेले इस फाटक से रोजाना करीब पच्चीस हजार कर्मचारी, फैक्ट्री मजदूर, विद्यार्थी आदि हाईवे की ओर आती जाती हैं। शाम को सात बजे के बाद फैक्ट्रियों से छूटे मजदूर अंधेरे में वाहनों की चपेट में आ सकते हैं, इसके लिए यहां मार्ग प्रकाश और रेड लाइट, संकेत बहुत जरूरी हैं।