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Call Spoofing: SBI कर्मी बनकर ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश, ऐसे लोगों को बनाते थे अपना शिकार
Thu, 07 Jul 2022 09:55 PM IST
Vikas Kumar
संवाद न्यूज एजेंसी, फरीदाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फरीदाबाद
Published by: Vikas Kumar
Updated Thu, 07 Jul 2022 09:55 PM IST
सार
इस गैंग ने अब तक देशभर में 60 से ज्यादा वारदातों को अंजाम दिया है। जांच में सामने आया कि कामिल गिरोह का मुख्य आरोपी है।
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कामिल, रहबर और अनीस
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
साइबर थाना एनआईटी की टीम ने कॉल स्पूफिंग के जरिये एसबीआई कस्टमर केयर के टॉल फ्री नंबर से एसबीआई बैंक के कर्मचारी बनकर लोगों से ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। इनके कब्जे से तीन मोबाइल, चार सिम कार्ड और 64000 रुपये बरामद किए हैं। इनकी पहचान दिल्ली उत्तम नगर निवासी कामिल अब्बास, बरेली (यूपी) निवासी रहबर अली और उधम सिंह नगर (उत्तराखंड) निवासी मोहम्मद अनीस के रूप में हुई है।
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आरोपियों ने फरीदाबाद के कौराली गांव निवासी सुनील कुमार के क्रेडिट कार्ड से सवा लाख रुपये की धोखाधड़ी की थी। 21 जून को पीड़ित ने साइबर थाना एनआईटी में शिकायत दी थी। थाना प्रभारी इंस्पेक्टर बसंत कुमार के नेतृत्व में एसआई राजेश, एएसआई नरेंद्र, नीरज, भूपेंद्र, सत्यवीर, सिपाही संदीप व अंशुल की टीम गठित की गई। टीम ने आरोपी कामिल को 28 जून 2022 को दिल्ली से गिरफ्तार कर अदालत से पांच दिन के रिमांड पर लिया। रिमांड के दौरान कामिल की निशानदेही पर आरोपी रहबर और मोहम्मद अनीस को गिरफ्तार किया गया। उन्होंने देश भर में साठ से ज्यादा वारदात को अंजाम दिया है।
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क्रेडिट कार्ड धारकों को फोन करते थे
जांच में सामने आया कि आरोपी कामिल गिरोह का मुख्य आरोपी है। वह क्रेडिट कार्ड धारकों को फोन करता था। आरोपी रहबर और मोहम्मद अनीस एक दूसरे को पहले से जानते थे। आरोपी रहबर अपने भाई के पास दिल्ली आता था। दोनों की मुलाकात कामिल से हुई। आरोपी रहबर बरेली से फर्जी बैंक खाते उपलब्ध करवाता था। अनीश ने आरोपियों को बैंक खाता दे रखा था। इसके बदले में कमीशन मिलता था। आरोपियों का एक अन्य साथी फरार चल रहा है। वह उन्हें क्रेडिट कार्ड धारकों की जानकारी देता था। पूछताछ के बाद सभी आरोपियों को जेल भेज दिया गया। चौथे साथी की तलाश जारी है।
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