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Faridabad: अमृता अस्पताल के डॉक्टरों ने सफलतापूर्वक हाथों का किया प्रत्यारोपण, 19 घंटे तक चली सर्जरी
Sun, 21 Jan 2024 11:56 AM IST
श्याम जी.
अमर उजाला नेटवर्क, फरीदाबाद
अमर उजाला नेटवर्क, फरीदाबाद
Published by: श्याम जी.
Updated Sun, 21 Jan 2024 11:56 AM IST
सार
फरीदाबाद के अमृता अस्पताल में डॉक्टरों ने एक वृद्ध और एक युवक का सफलतापूर्व ट्रांसप्लांट कर कीर्तिमान स्थापित कर दिया है। दोनों मरीजों अब सामान्य तरीके से जीवन को व्यतीत कर रहे हैं।
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सांकेतिक तस्वीर।
- फोटो : istock
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विस्तार
फरीदाबाद के सेक्टर-88 स्थित अमृता हॉस्पिटल में 19 घंटे की सर्जरी के बाद 64 वर्ष के वृद्ध और 19 वर्ष के युवक का हाथ प्रत्यारोपण सफलतापूर्वक किया गया। वृद्ध की पहले किडनी प्रत्यारोपण हो चुकी है।
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दिल्ली निवासी-64 वर्षीय गौतम तायल ने बताया कि 10 साल पहले किडनी प्रत्यारोपण हुआ था। लगभग दो साल पहले खुद की कंपनी का शुभारंभ करने के दौरान दुर्घटना में उन्होंने एक हाथ की कलाई के आगे के हिस्से को खो दिया था। उनको जो हाथ प्रत्यारोपित किया गया, वह एक 40 वर्षीय व्यक्ति का था। मृतक का हाथ मुंबई के ठाणे से फरीदाबाद लाया गया। सेंटर फॉर प्लास्टिक एंड रिकंस्ट्रक्टिव सर्जरी के प्रमुख डॉ. मोहित शर्मा ने बताया कि दोनों हाथों का मिलान करने के लिए हमें दो हड्डियों, दो धमनियों, 25 टेंडन और पांच नस को जोड़ना पड़ा।
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दूसरा ऑपरेशन दिल्ली के रहने वाले 19 वर्षीय युवक देवांश गुप्ता का हुआ। तीन साल पहले एक ट्रेन दुर्घटना में उन्होंने दोनों हाथों और घुटने के नीचे दाहिना पैर खो दिया था। उन्हें सूरत के 33 वर्षीय व्यक्ति के अंग लगाए गए। एक जटिल लॉजिस्टिक प्रक्रिया के तहत हाथों को सूरत से फरीदाबाद लाया गया। वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. अनिल मुरारका ने कहा कि रोगी के दाहिने हाथ को ऊपरी बांह के स्तर पर और बाएं हाथ को कोहनी से ठीक ऊपर प्रत्यारोपित किया गया। दोनों मरीजों अब सामान्य तरीके से जीवन को व्यतीत कर रहे हैं।
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