Delhi: अंतिम छोर तक पहुंचना होगा आसान, अब 53 मार्गों पर चलेंगी दिल्ली मेट्रो की 100 ई-बसें
दिल्ली सरकार की तरफ से कुछ दिनों पहले रूट रेशनलाइजेशन के लिए किए गए अध्ययन के 53 रूट पर ई बसें चलाने की तैयारी शुरू कर दी है। छोटी बसें होने से यात्रियों के लिए अंतिम छोर तक पहुंचना आसान हो जाएगा।
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मेट्रो यात्रियों के लिए अब अंतिम छोर तक पहुंचना और आसान हो जाएगा। दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (डीएमआरसी) की फीडर बसों को दिल्ली सरकार चलाएगी। इसके तहत दिल्ली मेट्रो की 100 ई-बसें दिल्ली सरकार 53 रूट पर चलाएगी।
इस सेवा की शुरुआत से खासतौर पर उन मेट्रो स्टेशनों के यात्रियों को राहत मिलेगी, जहां फीडर बसें फिलहाल उपलब्ध नहीं हैं। बसों की लंबाई कम होने की वजह से अंदरूनी रिहायशी क्षेत्रों में जाना आसान हो जाएगा। साल के अंत तक मेट्रो स्टेशन के नजदीकी स्टॉप से दिल्ली में ऐसी 480 बसें यात्रियों को सेवाएं मुहैया करेंगी।
दिल्ली सरकार की तरफ से कुछ दिनों पहले रूट रेशनलाइजेशन के लिए किए गए अध्ययन के 53 रूट पर ई बसें चलाने की तैयारी शुरू कर दी है। छोटी बसें होने से यात्रियों के लिए अंतिम छोर तक पहुंचना आसान हो जाएगा। ये बसें कम चौड़ाई वाली सड़कों पर भी चल सकेंगी। इससे यात्रियों को गंतव्य तक पहुंचने में समय की बचत होने के साथ ही खर्च भी कम होगा। मार्च में फीडर ई बसें इन रूटों पर चलने लगेंगी।
380 बसें और खरीदेगी सरकार
मेट्रो फीडर रूट पर यात्रियों को नियमित अंतराल पर बसें मुहैया करने के लिए 380 नई बसें भी परिवहन बेड़े में शामिल की जाएंगी। इससे फीडर मार्गों पर बसों की संख्या बढ़कर 480 हो जाएंगी। नई बसें खरीदने के लिए टेंडर जारी होने के बाद साल के अंत तक सभी फीडर ई-बसें यात्रियों के लिए उपलब्ध की जाएंगी। इन बसों के लिए रिठाला, वेलकम, नांगलोई, मुंडका, कोहाट एनक्लेव और द्वारका में बस डिपो बनवाए जा रहे हैं।
हर 10 मिनट पर होगी उपलब्ध
100 इलेक्ट्रिक फीडर बसों के परिचालन की तैयारियां शुरू होने के बाद मेट्रो यात्रियों को भी सेवाएं जल्द शुरू होने का इंतजार है। मार्च से सड़कों पर फीडर बसों को चलाया जाएगा, जिसे अप्रैल तक पूरा कर लिया जाएगा। कयास लगाए जा रहे हैं कि इन बसों का संचालन निजी कंपनियों के सहयोग से किया जाएगा। 100 नई फीडर बसों के परिचालन से यात्रियों को 10 मिनट से भी कम अंतराल पर बसें उपलब्ध होंगी।