फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   The customer as a kilo of gold looted Muthutu.

मुथूटू में ग्राहक बनकर लूटा एक किलो सोना

Thu, 27 Nov 2014 11:15 AM IST
अमर उजाला, गाजियाबाद
अमर उजाला, गाजियाबाद Updated Thu, 27 Nov 2014 11:15 AM IST
विज्ञापन
The customer as a kilo of gold looted Muthutu.
ग्राहक बनकर आए तीन लुटेरों ने बुधवार को दिनदहाड़े राकेश मार्ग पर शरहर के बीच मुथूटू मिनी फाइनेंस लूट लिया। दो कर्मचारियों से गन प्वाइंट पर स्ट्रांग रूम और लॉकर की चाभी छीन ली।
विज्ञापन


करीब 25 लाख के एक किलो 36 ग्राम सोने के गहने, 1.5 लाख कैश और दो मोबाइल लूट लिए। तमंचे की बट मारकर एक कर्मी का सिर फोड़ दिया और बाथरूम में बंद कर गए।

बदमाश 25-30 साल के थे। एक ने चेहरा रुमाल से ढका था व हेलमेट पहन रखा था। लूट से हड़कंप मच गया।

मुथूटू मिनी फाइनेंस गोल्ड गिरवी रखकर लोन देती है। इसमें न तो सक्योरिटी गार्ड तैनात हैं और न ही सीसीटीवी कैमरे लगे हैं। कैशियर नरेंद्र निवासी हापुड़ और गोल्ड चेकर आबिद हुसैन निवासी मेरठ बुधवार को शाखा में थे।
विज्ञापन


नरेंद्र और आबिद ने बताया कि मैनेजर नरेंद्र कुमार दो दिन की ट्रेनिंग पर रोहिणी गए हैं। दोपहर डेढ़ बजे एक युवक आया, उसने गोल्ड लोन के बारे में जानकारी की। फिर साढे़ तीन बजे वह युवक दो साथियों के साथ आया।
विज्ञापन
विज्ञापन


लोन की बात करते हुए असलहे निकाल लिए। मैनेजर पर चाभी बताने पर तमंचे की बट से आबिद का सिर फोड़कर चाभी छीन ली।

बाद में बाथरूम का गेट तोड़कर वे निकले और सिहानी गेट पुलिस को सूचना दी। रिपोर्ट दर्ज कर तीन टीमें तलाश में जुटी हैं।

10 मिनट में की वारदात

दिल्ली-एनसीआर में लुटेरे बैंक और फाइनेंस कंपनियों को भी निशाना बना रहे हैं। जेवर गिरवी रखने वाला मुथूटू तो लुट गया, अभी कितने ही ‘मुथूटू’ लुटेरों के निशाने पर और हैं।


इन पर खतरा इसलिए भी मंडरा रहा है क्योंकि लुटेरे पुलिस से बेखौफ हैं। इसका उदाहरण बुधवार को इसी वारदात में दिनदहाड़े देखने को मिला।

दरअसल, राकेश मार्ग पर जिस वक्त लुटेरे वारदात कर रहे थे, पुलिस चार प्वाइंटों पर चेकिंग कर रही थी। फिर भी लुटेरे 10 मिनट में वारदात कर भाग गए।

गार्ड-कर्मचारियों पर शक
पुलिस को शाखा से हटाए गए गार्ड और कर्मचारियों पर शक है। कर्मचारियों ने बताया कि शुरू में सिक्योरिटी गार्ड रखा गया था, मगर करीब तीन माह पहले मैनेजर ने सिक्योरिटी गार्ड को हटा दिया था।

लुटेरों में एक बदमाश जिसने रुमाल से चेहरा ढक रखा था और हेलमेट पहना था। वह कर्मचारियों की पहचान का हो सकता है।

पुलिस का मानना है कि पहचान छिपाने के लिए उसने ऐसा किया हुआ होगा। हेलमेट लगा होने से पुलिस का ये भी मानना है कि बदमाश बाइक पर आए होंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed