पति से झगड़े में मां ने ही रच दी बेटी के अपहरण की कहानी, ऐसे खुला राज
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स्वरूप नगर इलाके में पति से चल रहे झगड़े के बीच एक मां ने दो साल की मासूम बेटी की कोर्ट से कस्टडी पाने के लिए उसके अपहरण की ही झूठी साजिश रच दी लेकिन सीसीटीवी फुटेज और महिला के दिए गए बयानों में वह फंस गई।
बाद में उसकी निशानदेही पर एक रिश्तेदार के यहां जहांगीरपुरी से मासूम बच्ची को बरामद कर लिया गया। पुलिस की मानें तो महिला को ऐसा लगता था कि अपहरण की झूठी साजिश रचने से पुलिस बच्ची की कस्टडी उसे सौंप देगी।
अब पुलिस आरोपी महिला व उसके परिवार से पूछताछ कर मामले की छानबीन कर रहा है। उत्तर-पश्चिम जिला पुलिस उपायुक्त विजय सिंह ने बताया कि 26 अगस्त को स्वरूप नगर निवासी महिला रूपा (बदला हुआ नाम) ने अपनी दो साल की बेटी के अपहरण की बात पुलिस को बताई थी।
रूपा का कहना था कि शुक्रवार बाजार से बच्ची को अज्ञात लोगों ने अपहरण कर लिया। पुलिस ने अपहरण का मामला दर्ज कर छानबीन शुरू की। जांच के दौरान पुलिस ने जब सीसीटीवी फुटेज को देखा तो पता चला कि महिला अपने बच्ची के साथ बाजार गई ही नहीं थी।
48 घंटे बाद ही बच्ची को बरामद कर मामले से उठाया पर्दा
इधर अगले दिन महिला ने अपनी कहानी बदलकर बताया कि उसकी बच्ची को दो महिलाएं अगवा कर ले गई। पुलिस की पूछताछ में वह फंस गई। इसके बाद वह नई कहानी सुनाने लगी।
सख्ती से पूछने पर वह टूट गई। रूपा ने अपनी बेटी के अपहरण की खुद ही साजिश रचने की बात को कबूल कर लिया। महिला की निशानदेही पर जहांगीरपुरी से रविवार को मासूम को सकुशल बरामद कर लिया गया। पूछताछ के दौरान रूपा ने बताया कि उसके पति से उसका विवाद चल रहा है।
मामला कोर्ट में विचाराधीन है। उसे लगता था कि पति उसकी बेटी की कस्टडी प्राप्त कर लेगा। इसीलिए उसने बेटी के अपहरण की झूठी साजिश रची।
एक रिश्तेदार के घर बच्ची को दो दिनों के लिए छोड़कर वह उसके अपहरण की झूठी कॉल कर देगी। रूपा को ऐसा लगता था कि ऐसा करने से कोर्ट उसे बच्ची की कस्टडी सौंप देगा। पुलिस रूपा से पूछताछ कर मामले की छानबीन कर रही है