रेल बजट का विरोध, रेल मंत्री के आवास पर तोड़फोड़
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दिल्ली प्रदेश कांग्रेस के हल्ला बोल आंदोलन के दूसरे दिन मंगलवार को पार्टी के विधायकों, पार्षदों और कार्यकर्ताओं ने रेल बजट पेश होने के बाद रेलमंत्री के एक त्यागराज मार्ग स्थित निवास पर प्रदर्शन किया।
पार्टी के मुख्य प्रवक्ता मुकेश शर्मा ने रेलमंत्री के आवास के मेन गेट पर लगी नेमप्लेट उतारकर पैरों तले रौंदी।
इस बीच कांग्रेसियों ने रेल बजट पेश करके घर लौटे रेलमंत्री की कार रोक कर जमकर हंगामा किया। पुलिस को उनको हटाने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ी।
'धक्का-मुक्की में टूटी नेमप्लेट'
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अरविंदर सिंह ने कहा कि उन्होंने बढ़ा हुआ रेल किराया वापस लेने की मांग की थी, लेकिन उन्हें अनसुना किया गया। वे शांतिपूर्वक तरीके विरोध करने गए थे।
नेमप्लेट उतारने के मामले में उन्होंने कहा कि वो धक्का-मुक्की में हो गया होगा। उन्होंने वहां पहुंचते ही नेताओं और कार्यकर्ताओं को रेल मंत्री की गाड़ी के आगे से हटने के लिए कह दिया था।
वहीं, प्रदर्शन के दौरान प्रदेश महिला कांग्रेस की अध्यक्ष ओनिका मेहरोत्रा, दिनेश्वर त्यागी, अमित मलिक, विधायक हारून यूसुफ, प्रमोद कुमार, हरिकिशन जिंदल आदि मौजूद रहे। रेलमंत्री के घर की तरफ जाने से पहले सभी नेताओं ने प्रदेश दफ्तर में रणनीति बनाई थी।
अब रेल बेचने की तैयारी
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अरविंदर सिंह लवली ने कहा कि एनडीए सरकार जब पहले केंद्र में आई थी तो सरकारी होटल प्राइवेट हाथों में दे दिए गए या यूं कहें कि बेच दिए।
अब बजट में रेलवे में एफडीआई व निजीकरण की बातें सामने आई हैं। ऐसा न हो कि रेलवे जैसी राष्ट्रीय संपत्ति निजी हाथ में चली जाए। बजट में कुछ भी नहीं मिला।