दो माह में 263 टैक्सियों के परमिट रद्द, सर्ज प्राइसिंग के खिलाफ कार्रवाई
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सम-विषम के दौरान शुरू हुए सर्ज प्राइसिंग (मांग देखते हुए तय किराये से ज्यादा वसूलना) के खिलाफ परिवहन विभाग की कार्रवाई जारी है। बीते दो माह में सरकार ने सर्ज प्राइसिंग समेत अलग-अलग वजहों से अब तक 263 टैक्सियों का परमिट रद्द कर दिया है।
इसमें ज्यादातर वे टैक्सियां शामिल हैं, जो कि शहर में ओला व उबर के साथ मिलकर सेवाएं दे रही थीं। वहीं परिवहन विभाग ने 100 से ज्यादा टैक्सी परमिटधारियों को नोटिस जारी किया है।
परिवहन विभाग के अधिकारियों के मुताबिक, सभी टैक्सी परमिट मई व जून के दौरान रद्द किए गए हैं। परमिट रद्द करने के पीछे उनका परमिट को लेकर तय शर्तों का उल्लंघन करते पाया गया। ये सभी वाहन ओला और उबर से जुड़े हुए हैं।
परमिट रद्द करने की ये भी हैं वजहें
जिन कारणों से टैक्सी का परमिट रद्द किया गया, उसमें डीजल का होने के साथ दिल्ली में ही एक जगह से दूसरी जगह सेवाएं देना और बगैर मीटर के टैक्सी चलाना आदि कारण शामिल हैं। इसके अलावा परिवहन विभाग की ओर से तय किराये से इतर सर्ज प्राइसिंग करना भी शामिल है।
परिवहन विभाग ने चालकों के पास बैज नहीं होने पर भी लाइसेंस रद्द किया है। विभाग के अधिकारी ने बताया कि सभी वाहन दिल्ली के रजिस्टर्ड हैं। अभी भी 100 से ज्यादा टैक्सी का परमिट रद्द करने की प्रक्रिया चल रही है। सभी नोटिस जारी परमिट रद्द क्यों न किया जाए, इस पर जवाब तलब किया गया है।
बता दें कि बीते अप्रैल में 15 दिनों के लिए आयोजित सम-विषम के दौरान सरकार को ओला, उबर टैक्सियों की कई शिकायतें मिली थीं। उसी के आधार पर परिवहन विभाग के प्रवर्तन टीम ने इनके खिलाफ कार्रवाई शुरू की।