संपत्ति विवाद को लेकर युवाओं ने खेला खूनी खेल, आश्रम के संचालक और प्रबंधक पर चाकू से किए वार
ऋषिकेश कोतवाली क्षेत्र के तहत एक आश्रम संचालक और प्रबंधक पर चार युवकों ने जानलेवा हमला कर दिया। उन पर चाकू से ताबड़तोड़ वार किए गए, जिसमें संचालक और प्रबंधक बुरी तरह घायल हो गए। आश्रम से गुरुकुल की दीक्षा ले रहे शिष्यों ने किसी तरह हमलावरों को दबोच पुलिस के हवाले किया। वहीं, घायल आश्रम संचालक और प्रबंधक को एम्स में भर्ती कराया गया है।
जानकारी के मुताबिक मायाकुंड स्थित जनार्द्धन आश्रम में बीती 15 जुलाई को चार युवक पहुंचे थे। बुधवार की सुबह करीब साढ़े दस बजे वह चारों आश्रम के संचालक स्वामी विज्ञानानंद तीर्थ (72) और प्रबंधक केशव स्वरूप ब्रह्मचारी (32) के साथ आंगन में बैठे हुए थे। तभी अचानक संपत्ति को लेकर उनके बीच बहस होने लगी। जल्द ही बहस ने शोर शराबे और हंगामे का रुख अख्तियार कर लिया। उनमें हाथापाई होने लगी। इसी बीच चारों युवकों में से एक ने चाकू निकाल लिया।
यह देख संचालक स्वामी विज्ञानानंद तीर्थ ने उन्हें चाकू दूर रखने की नसीहत दी। लेकिन हमलावरों ने उन्हें अनसुना करते हुए संचालक के पेट में चाकू से ताबड़तोड़ वार करना शुरू कर दिया। हमला और खून खराबा देख आश्रम में चीख पुकार मच गई। आश्रम से गुरुकुल की दीक्षा ले रहे शिष्यों और प्रबंधक ने हमलावरों को पकड़ना चाहा, तो चाकू से प्रबंधक केशव स्वरूप ब्रह्मचारी के पैर पर हमला कर दिया गया। इसी बीच किसी ने पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने चारों हमलावरों को हिरासत में लिया है।
100 वर्ष पुराना है जनार्धन आश्रम
मायाकुंड स्थित जिस जनार्धन आश्रम में बुधवार को संपत्ति को लेकर विवाद हुआ, जो हमले में तब्दील हुआ। वह आश्रम करीब 100 वर्ष पुराना है, यहां शुरूआत में सिर्फ दंडी स्वामी ही रहा करते थे। इनके दर्शकों के लिए दूर दराज से श्रद्धालु दर्शन करने पहुंचते थे।
यही कारण है कि इस आश्रम को दंडी बाड़ा के रूप में पहचान मिली और इसी नाम से यह विश्व में विख्यात हो गया। इसके बाद ब्रह्मलीन ज्योतिष्ठाधीश्वर जगतगुरु शंकराचार्य स्वामी माधवाश्रम महाराज ने इसे जनार्धन आश्रम का नाम दिया। बुधवार को हमलावरों के हमले का शिकार हुए आश्रम संचालक स्वामी विज्ञानानंद तीर्थ तथा प्रबंधक केशव स्वरूप ब्रह्मचारी दोनों ही ब्रह्मलीन शंकराचार्य के ही शिष्य हैं।
गुरु पूर्णिमा पर पादुका पूजन को आए थे युवक
प्रत्यक्षदर्शी अजय शर्मा और सन्नी ने बताया कि चारों युवक स्वामी विज्ञानानंद तीर्थ से बहुत तेज आवाज में बात कर रहे थे। तभी एक युवक ने चाकू निकालकर हमला कर दिया। यह चारों गुरु पूर्णिमा पर पादुका पूजन के लिए आश्रम में आए थे। हमलावरों का पूर्व में भी आश्रम में आना जाना रहा है। खबर लिखे जाने तक पीड़ित पक्ष की ओर से कोई तहरीर पुलिस को नहीं सौंपी गई थी।