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आरटीओ में आंदोलित कर्मचारियों का कार्यबहिष्कार समाप्त, ड्यूटी पर लौटे तमाम कर्मचारी
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आखिरकार दो दिन के कार्य बहिष्कार के बाद आरटीओ में मिनिस्टीरियल संवर्ग के तमाम कर्मचारी शुक्रवार को ड्यूटी पर लौट आए। कर्मचारियों के ड्यूटी पर लौटने के साथ ही वाहन स्वामियों के साथ ही विभागीय अधिकारियों ने भी राहत की सांस ली। शुक्रवार को 75 लर्निंग और 150 स्थायी ड्राइविंग लाइसेंस बनाए गए। साथ ही गाड़ियों के परमिट जारी करने के साथ ही टैक्स और चालान जमा कराने का भी काम हुआ। दूसरी ओर संघ पदाधिकारियों का कहना है कि सोमवार को संघ पदाधिकारियों की बैठक होगी जिसमे आगे की रणनीति पर विचार किया जाएगा।
बता दें कि पदोन्नति की मांग को लेकर परिवहन विभाग मिनिस्टीरियल संवर्ग के कर्मचारी आंदोलन कर रहे हैं। आंदोलन के पहले चरण में कर्मचारियों ने पहले तो काली पट्टी बांधकर विरोध जताया। उसके बाद दो घंटे का कार्य बहिष्कार किया और जब सरकार, शासन स्तर पर उनकी बातों को नहीं सुना गया तो कर्मचारियों ने दो दिन के लिए पूर्ण कार्य बहिष्कार कर दिया। उससे आरटीओ में ड्राइविंग लाइसेंस बनाने के साथ ही टैक्स और चालान जमा कराने की प्रक्रिया ठप हो गई। दो दिन के भीतर सैकड़ों कर्मचारियों को बिना कार्य कराए ही बैरंग लौटना पड़ा।
पूर्व घोषित कार्यक्रम के मुताबिक दो दिन का कार्य बहिष्कार का निर्णय लिया गया था। इसके बावजूद सरकार, शासन स्तर पर उनकी मांगे नहीं मानी गई हैं। ऐसे में अब सोमवार को नए सिरे से संघ पदाधिकारियों की बैठक होगी और उसमें आगे के लिए आंदोलन की रणनीति तय की जाएगी। - संजीव मिश्रा, प्रदेश उपाध्यक्ष, परिवहन विभाग मिनिस्टीरियल कर्मचारी संघ
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बता दें कि पदोन्नति की मांग को लेकर परिवहन विभाग मिनिस्टीरियल संवर्ग के कर्मचारी आंदोलन कर रहे हैं। आंदोलन के पहले चरण में कर्मचारियों ने पहले तो काली पट्टी बांधकर विरोध जताया। उसके बाद दो घंटे का कार्य बहिष्कार किया और जब सरकार, शासन स्तर पर उनकी बातों को नहीं सुना गया तो कर्मचारियों ने दो दिन के लिए पूर्ण कार्य बहिष्कार कर दिया। उससे आरटीओ में ड्राइविंग लाइसेंस बनाने के साथ ही टैक्स और चालान जमा कराने की प्रक्रिया ठप हो गई। दो दिन के भीतर सैकड़ों कर्मचारियों को बिना कार्य कराए ही बैरंग लौटना पड़ा।
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पूर्व घोषित कार्यक्रम के मुताबिक दो दिन का कार्य बहिष्कार का निर्णय लिया गया था। इसके बावजूद सरकार, शासन स्तर पर उनकी मांगे नहीं मानी गई हैं। ऐसे में अब सोमवार को नए सिरे से संघ पदाधिकारियों की बैठक होगी और उसमें आगे के लिए आंदोलन की रणनीति तय की जाएगी। - संजीव मिश्रा, प्रदेश उपाध्यक्ष, परिवहन विभाग मिनिस्टीरियल कर्मचारी संघ
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