फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Uttarkashi Disaster Out of the 29 missing Nepali workers five have been contacted

Uttarkashi: लापता 29 नेपाली मजदूरों में से पांच से हो चुका है संपर्क, 1278 लोगों को सुरक्षित निकाला जा चुका

Tue, 12 Aug 2025 02:46 PM IST
रेनू सकलानी अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून Published by: रेनू सकलानी Updated Tue, 12 Aug 2025 02:46 PM IST
सार

धराली आपदा में लापता 42 लोगों में से नौ सेना के कार्मिक भी शामिल है। रेस्क्यू अभियान में 1278 लोगों को सुरक्षित निकाला जा चुका है।

विज्ञापन
Uttarkashi Disaster Out of the 29 missing Nepali workers five have been contacted
उत्तरकाशी आपदा - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी

विस्तार

आयुक्त गढ़वाल मंडल विनय शंकर पांडेय ने बताया कि धराली आपदा में अब तक 43 लोगों के लापता होने की सूचना मिली है जिनमें से धराली गांव के युवक आकाश पंवार का शव बीते दिनों बरामद हुआ है। शेष 42 लोग अब भी लापता हैं। इनमें नौ सेना के कार्मिक, धराली गांव के आठ, निकटवर्ती क्षेत्रों के पांच, टिहरी जिले का एक, बिहार के 13 और उत्तर प्रदेश के छह लोग शामिल हैं।

विज्ञापन

इसके अलावा जो 29 नेपाली मजदूरों के लापता होने की भी सूचना मिली थी। उनमें से पांच लोगों से संपर्क हो चुका है जबकि 24 मजदूरों के संबंध में अंतिम सूचना एक-दो दिन में स्पष्ट होने की उम्मीद है। आयुक्त ने आपदा नियंत्रण कक्ष धराली आपदा को लेकर चलाए जा रहे राहत एवं बचाव अभियान व लापता लोगों की खोजबीन के प्रयासों के संबंध में जानकारी दी।

विज्ञापन

मुख्यमंत्री की घोषणा के अनुसार प्रभावितों के लिए राहत व पुनर्वास का बेहतर पैकेज तैयार कराया जा रहा है जिसके लिए सचिव राजस्व की अध्यक्षता में तीन सदस्यों की एक उच्चस्तरीय समिति बनाई गई है। आपदा से हुई क्षति का आकलन और प्रभावितों से वार्ता के लिए समिति के सदस्य उत्तरकाशी आएंगे।

विज्ञापन
विज्ञापन

देहरादून से 10 विशेषज्ञ भू-वैज्ञानिकों की एक विशेष टीम भी भेजी गई
प्रभावित क्षेत्र में रेस्क्यू अभियान चलाकर 1278 लोगों को सुरक्षित निकाला जा चुका है। प्रभावित क्षेत्र में फंसे सभी बाहरी लोगों व जरूरतमंद स्थानीय लोगों को वहां से निकाल लिया गया है। मलबे के भीतर दबे लोगों की खोज करना सर्वोच्च प्राथमिकता है जिसके लिए एनडीआरएफ की टीम सहित अलग से एक विशेष अधिकारी मौके पर तैनात है। देहरादून से 10 विशेषज्ञ भू-वैज्ञानिकों की एक विशेष टीम भी भेजी गई है।



ये भी पढ़ें...उत्तरकाशी आपदा:  हर सुबह अपनों को ढूंढने की जद्दोजहद; बदल गई ग्रामीणों की दिनचर्या, चारों ओर पसरा है मलबा

मंडल आयुक्त ने बताया कि हर्षिल में भागीरथी पर बनी झील से पानी की निकासी के लिए सिंचाई विभाग और उत्तराखंड जल विद्युत निगम लि. ने गत दिन से काम शुरू कर दिया गया हैं। डबरानी और सोनगाड क्षेत्र में क्षतिग्रस्त सड़क बहाल करने का काम चल रहा है। मंगलवार शाम तक क्षेत्र में सड़क संपर्क बहाल हो जाने की उम्मीद है। डबरानी से सोनगाड के बीच खच्चरों के माध्यम से गैस सिलिंडर भेजने शुरू कर दिए हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed