उत्तराखंड: दो दिन बाद थमी बारिश और बर्फबारी, धूप निकली तो कड़ाके की ठंड से मिली राहत
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
प्रदेश में पिछले दो दिनों से जारी बारिश और बर्फबारी के बाद आज धूप खिलने से कड़ाके की ठंड से राहत कुछ राहत मिली। हालांकि, देर शाम को फिर से हल्की बारिश होने की संभावना है।
राज्य के ज्यादातर हिस्सों में पिछले दो दिन बारिश और बर्फबारी हुई। इससे ज्यादा क्षेत्रों में ठंड फिर बढ़ गई है। दूसरी ओर, बारिश और ठंड का सीजन लंबा खींचने से लोगों की परेशानी बढ़ गई है।
मौसम केंद्र की ओर से जारी बुलेटिन के अनुसार रविवार को भी राज्य के कुछ पहाड़ी क्षेत्रों में बादल छाये रहने का अनुमान है। हालांकि बारिश और बर्फबारी बंद होने से पहाड़ में लोगों को कड़ाके की ठंड से भी कुछ राहत मिली है।
मौसम केंद्र निदेशक बिक्रम सिंह ने बताया कि राजधानी दून और आसपास के इलाकों में कई जगह बादल छाये रह सकते हैं। दिन में धूप खिली रह सकती है, जिससे तापमान में भी बढ़ोत्तरी होगी। वहीं, शाम के समय हल्की बारिश हो सकती है। इससे रात को तापमान में कमी आ सकती है।
यमुनोत्री एवं गंगोत्री हाईवे पर आवाजाही सुचारु
बीते दो दिनों से जारी बारिश बर्फबारी से जिले में यमुनोत्री एवं गंगोत्री हाईवे समेत आधा दर्जन सड़कों पर यातायात अवरुद्ध हो गया था। जिस कारण क्षेत्र के लोगों को खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था। रविवार दोपहर को दोनों ही हाईवे आवाजाही के लिए खोल दिए गए हैं।
शनिवार से ही संबंधित विभाग यातायात बहाली के प्रयास में जुटे रहे हैं, लेकिन बर्फबारी का सिलसिला जारी रहने से इसमें दिक्कतें आ रही थी। भारी बर्फबारी के कारण शुक्रवार देर रात को गंगोत्री हाईवे पर सुक्की टॉप से आगे यातायात अवरुद्ध हो गया था। जबकि हनुमानचट्टी से आगे सड़क पर जमा बर्फ के कारण यमुनोत्री हाईवे पर भी वाहनों की आवाजाही ठप हो गई थी। रविवार को धूप निकलने के बाद रास्ता खोला गया ।
दिल्ली बैंड के पास मलबा आने से एनएच रहा पांच घंटे बंद
रविवार को तड़के दिल्ली बैंड के पास पहाड़ी दरक कर सड़क पर आ गिरी। इससे सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई। सड़क के बंद होने से 150 से अधिक वाहनों में सैकड़ों लोग फंसे रहे। दिल्ली, लखनऊ, बरेली, देहरादून सहित कई शहरों की तरफ आवाजाही कर रहे लोगों को भारी परेशानी हुई।
यात्री मनोज सिंह का कहना है कि बारहमासी सड़क पर आए दिन लग रहे जाम के कारण उनको परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बावजूद इसके एनएच प्रबंधन को यात्रियों की चिंता नहीं है। यात्रियों ने हर रोज लग रहे जाम से निजात दिलाने की मांग की है।
होली के लिए घर जा रहे लोग फंसे
दिल्ली बैंड के पास सड़क बंद होने से होली के लिए घर जा रहे कई लोग फंसे रहे। कानपुर के सतीश वर्मा का कहना है कि वो होली की छुट्टियों में परिवार सहित घर को जा रहे थे। सड़क बंद होने के कारण वो फंसे रहे। पांच घंटे बाद सड़क खुलने पर वाहन आगे को बढ़ा।
मुनस्यारी पहुंची कालामुनि में फंसी 108 एंबुलेंस
पिथौरागढ़ में बर्फबारी के कारण कालामुनि में फंसी 108 एंबुलेंस तीसरे दिन मुनस्यारी पहुंची। एंबुलेंस के मार्ग पर फंसने से कई लोगों को 108 सेवा के लाभ से वंचित रहना पड़ा था। रविवार को जिले भर में धूप खिलने से लोगों को काफी राहत मिली है।
छह मार्च को एक मरीज को पिथौरागढ़ की ओर ला रही 108 एंबुलेंस कालामुनि में फंस गई थी। अधिक बर्फबारी होने से ये एंबुलेंस कालामुनि से आगे नहीं बढ़ सकी। मरीज को दूसरे वाहन से पिथौरागढ़ भेजा गया, जबकि 108 कर्मियों ने कालामुनि मंदिर में ही रात गुजारी थी। सात मार्च को सड़क खोलने के लिए जेसीबी भेजी गई थी। बर्फबारी के चलते सड़क नहीं खोली जा सकी।
दूसरी रात भी 108 कर्मी मंदिर में ही रहे। रविवार सुबह मौसम साफ होने पर सड़क से बर्फ हटाने का काम शुरू हुआ। इसके बाद दिन में सड़क से बर्फ हटने के बाद एंबुलेंस मुनस्यारी पहुंची। कालामुनि से मुनस्यारी तक बर्फ हटाने के बाद रविवार को वाहनों की आवाजाही सामान्य हो गई। बर्फबारी के कारण बिर्थी में रुके पर्यटकों के वाहन भी मुनस्यारी को रवाना हुए।
राशन सहित अन्य जरूरी सामान वाले वाहन भी तीसरे दिन मुनस्यारी पहुंचे। इसके बाद सीमांत के लोगों ने राहत महसूस की है। रविवार सुबह के समय कोहरा छाने से कड़ाके की ठंड रही। दिन में चटख धूप खिलने से ठंड से राहत मिली। मौसम विभाग के अनुसार सोमवार को भी आसमान साफ रहेगा।
गर्भवती को अस्पताल ले जा रही कार खेतों में लुढ़की
गर्भवती महिला को अस्पताल ला रही एक कार लक्ष्मोली-हिसरियाखाल मोटर मार्ग पर सिरोला के समीप अनियंत्रित होकर लगभग 100 फीट नीचे खेतों में जा गिरी। कीर्तिनगर पुलिस ने गर्भवती महिला और उसके परिजनों को बेस अस्पताल भिजवा दिया। जहां महिला ने सामान्य प्रसव से एक बेटी को जन्म दिया। जच्चा और बच्चा दोनों स्वस्थ हैं।
रविवार को हिंसरियालाल के हडिंम गवाणा गांव निवासी भरत सिंह अपनी गर्भवती पत्नी सीमा को प्रसव के लिए कार में अस्पताल ला रहा था। कार में उनकी मां गोदावरी देवी और आशा कार्यकर्ता दर्भा देवी (निवासी उमरी) भी सवार थे। कार को गवाणा का रविंदर चला रहा था। गांव से कुछ किलोमीटर सिरोला के समीप छाम में कार अनियंत्रित होकर खेतों में पलट गई।
सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। कोतवाल जवाहर लाल ने बताया कि उक्त क्षेत्र राजस्व पुलिस क्षेत्रांतर्गत है। कार में सवार सभी पांच लोगों को चोटें आई हैं। उनको उपचार के लिए बेस अस्पताल भेज दिया गया। वहीं, अस्पताल में सीमा ने एक बेटी को जन्म दिया है।