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Uttarakhand: राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत विवि पाठ्यक्रम में शामिल होगा नैतिक शिक्षा संबंधी विषय
Sun, 08 Jan 2023 11:33 PM IST
अलका त्यागी
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
Published by: अलका त्यागी
Updated Sun, 08 Jan 2023 11:33 PM IST
सार
उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि प्रदेश की उच्च शिक्षा व्यवस्था में एकरूपता लाने के लिए सभी उच्च शिक्षण संस्थानों में एक प्रवेश, एक परीक्षा, एक परिणाम और एक चुनाव कार्य योजना को लागू किया जाएगा।
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उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत
- फोटो : अमर उजाला फाइल फोटो
विस्तार
उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि उच्च शिक्षा में गुणवत्ता व छात्र-छात्राओं में नैतिक मूल्यों के विकास के लिए राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) के तहत विवि पाठ्यक्रम में नैतिक शिक्षा संबंधी विषय शामिल किया जाएगा। कहा, प्रदेश की उच्च शिक्षा व्यवस्था में एकरूपता लाने के लिए सभी उच्च शिक्षण संस्थानों में एक प्रवेश, एक परीक्षा, एक परिणाम और एक चुनाव कार्य योजना को लागू किया जाएगा।
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रविवार को उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने राष्ट्रीय दृष्टि बाधितार्थ संस्थान देहरादून के सभागार में श्रीदेव सुमन उत्तराखंड विवि से संबद्ध अशासकीय व निजी शिक्षण संस्थानों के साथ बैठक की। कहा, सभी संस्थानों में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं की डिजिटल हेल्थ आईडी अनिवार्य रूप से बनाई जाएगी। इससे छात्र-छात्राओं के स्वास्थ्य से संबंधित सभी जानकारियां ऑनलाइन सुरक्षित रह सकेगी और जरूरत पड़ने पर उपयोग कर सकेंगे। इसके अलावा सभी छात्र-छात्राओं के आयुष्मान कार्ड भी बनाए जाएंगे। इसके लिए राज्य स्वास्थ्य प्राधिकरण विवि के साथ क्यूआर कोड साझा करेगा।
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कहा कि उच्च शिक्षण संस्थानों के छात्र-छात्राओं को स्वैच्छिक रक्तदान के लिए ई-रक्तकोश, आरोग्य सेतु एप, विभागीय पोर्टल पर पंजीकरण कराना होगा, जिससे जरूरत पड़ने पर रक्तदान के लिए बुलाया जा सके। संस्थानों में नशा मुक्त अभियान, तंबाकू मुक्त अभियान संचालित किया जाएगा। सभी निजी शिक्षण संस्थानों से नेक मूल्यांकन के लिए अनिवार्य रूप से आवेदन करने को कहा। इसके लिए विवि के माध्यम से नेक मूल्यांकन कार्यशाला का आयोजन फरवरी में कराया जाएगा। बैठक में श्रीदेव सुमन विवि के कुलपति प्रो. महावीर सिंह रावत ने विवि ने भविष्य की योजनाओं की जानकारी दी।
बैठक में विवि के कुलसचिव खेमराज भट्ट ने निजी शिक्षण संस्थानों से मान्यता से संबंधी प्रक्रिया को शीघ्र पूरा करने को कहा। इस मौके पर महानिदेशक स्वास्थ्य डॉ. विनीता शाह, निदेशक एनआईवीएच डॉ. मनीष वर्मा, वरिष्ठ प्रशिक्षण अधिकारी एनईवीएच जगदीश लखेड़ा, सहायक परीक्षा नियंत्रक डॉ. हेमंत बिष्ट, देवेंद्र सिंह रावत, सुनील नौटियाल आदि मौजूद थे। संचालन सहायक परीक्षा नियंत्रक डॉ. हेमंत बिष्ट ने किया।