उत्तराखंडः अब अशोक लीलैंड की बसों में खामियां उजागर, रोडवेज ने कंपनी को दी जानकारी
- फ्रंट मड गार्ड की वायरिंग निकली
- मानकों पर खरा उतरने के बाद ही मंगाई जाएंगी बसें : महाप्रबंधक
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टाटा कंपनी के बाद अब अशोक लीलैंड कंपनी की बसों में भी खामियां उजागर होने लगी हैं। रोडवेज को मुहैया कराई गई 20 बसों को सड़कों पर उतारने के साथ ही इनकी फ्रंट मड गार्ड के नीचे की वायरिंग खुल गई है। रोडवेज ने कंपनी अधिकारियों को सूचना दे दी है। महाप्रबंधक दीपक जैन का कहना है कि मानकों पर खरा उतरने के बाद ही बसों को मंगाया जाएगा।
बता दें कि रोडवेज ने अशोक लीलैंड कंपनी से 150 बसें खरीदी हैं। कंपनी ने पहले चरण में 20 बसों की आपूर्ति की है। बसों का परिवहन विभाग में पंजीकरण कराने के साथ ही करीब 15 दिन पहले सड़कों पर उतार दिया था।
बसों पर नजर रखे हुए हैं विशेषज्ञों की टीम
इनके चलाने के बाद जब तकनीकी विशेषज्ञों ने जांच की तो पता चला कि बसों के मड गार्ड के नीचे की वायरिंग खुल गई है। निगम अधिकारियों ने इसकी जानकारी अशोक लीलैंड कंपनी प्रबंधन को दी तो कंपनी के तकनीकी विशेषज्ञों की टीम देहरादून पहुंची और खामियां दूर की।
इस संबंध में परिवहन निगम के महाप्रबंधक दीपक जैन का कहना है कि वैसे तो बसों में बड़ी खामी उजागर नहीं हुई है। लेकिन कुछ बसों की वायरिंग निकल गई थी। जिसे अब दुरुस्त कर दिया है। फिलहाल बसों को संचालित किया जा रहा है। विशेषज्ञों की टीम बसों पर नजर रखे हुए हैं। बता दें कि इससे पहले टाटा की ओर से मुहैया कराई गई बसों के गियर लीवर टूट गए थे।