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उत्तराखंड कांस्टेबल ग्रेड पे मामला: सिपाहियों का सोशल मीडिया पर काला मास्क पहन कर विरोध
Thu, 13 May 2021 01:23 PM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal
न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
Published by: Nirmala Suyal Nirmala Suyal
Updated Thu, 13 May 2021 01:23 PM IST
सार
कुछ सिपाहियों के काला मास्क पहनकर सोशल मीडिया पर फोटो वायरल हुए हैं। इसे सरकार के प्रति शांतिपूर्वक विरोध की संज्ञा दी जा रही है। हालांकि, आला अधिकारियों ने विरोध की बात से इनकार किया है।
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उत्तराखंड पुलिस
- फोटो : अमर उजाला फाइल फोटो
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विस्तार
पुलिस में ग्रेड पे घटाए जाने के मामले को लेकर सिपाहियों के विरोध की बात सामने आ रही है। कुछ सिपाहियों के काला मास्क पहनकर सोशल मीडिया पर फोटो वायरल हुए हैं। इसे सरकार के प्रति शांतिपूर्वक विरोध की संज्ञा दी जा रही है। हालांकि, आला अधिकारियों ने विरोध की बात से इनकार किया है। डीजीपी के अनुसार काला मास्क बैन नहीं है। वेतनमान के मामले में लगातार सरकार से बात की जा रही है।
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बता दें कि पिछले दिनों कांस्टेबल के वेतनमान में कटौती संबंधी आदेश जारी किए गए थे। पहले 20 साल की संतोषजनक सेवा पर सिपाही को सब इंस्पेक्टर के बराबर 4600 रुपये का ग्रेड पे यानी वेतनमान दिया जाता था। जबकि, 30 साल की सेवा पर यह बढ़ाकर इंस्पेक्टर रैंक के बराबर 4800 रुपये कर दिया जाता है। नए आदेशों के अनुसार सिपाहियों को 20 साल की संतोषजनक सेवा पर 2800 रुपये ग्रेड पे दिए जाने की बात है।
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ऐसे में सीधे तौर पर इसमें 1800 रुपये की कटौती की जा रही है। बीते करीब दो माह से इसको लेकर विरोध की बात कही जा रही थी। हालांकि, मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत ने इस मामले में एक कमेटी का गठन भी किया था। लेकिन, कोरोना काल में यह बात अभी आगे नहीं बढ़ पाई। अब इस बीच कुछ सिपाहियों ने सोशल मीडिया के माध्यम से विरोध दर्ज किया है। सिपाहियों के काला मास्क पहनकर फोटो वायरल हो रहे हैं। इसे वेतनमान का विरोध बताया जा रहा है।
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बैन नहीं काला मास्क, परेड में खाकी जरूरी
काले मास्क को लेकर अधिकारियों का अपना तर्क है। डीजीपी अशोक कुमार का कहना है कि उनके सामने विरोध की बात नहीं आई है। जहां तक काले मास्क की बात है तो उसे बैन नहीं किया गया है। कोई भी किसी भी रंग का मास्क पहन सकता है। लेकिन, सभी को परेड के दौरान खाकी मास्क पहनना होगा।
इस बात को शुरूआत में ही सरकार के संज्ञान में लाया गया था। सरकार से वेतनमान को लेकर वार्ता चल भी रही है। एक कमेटी का गठन भी किया गया था। जहां तक विरोध की बात है तो काला मास्क बैन नहीं है। अब इसे विरोध की शक्ल दी जा रही है तो मुख्यालय इस पर लगातार नजर बनाए हुए है।
-अशोक कुमार, डीजीपी उत्तराखंड