फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   uttarakhand news: Teams of 35 officials raid in ten builders office, caught big tax evasion

देहरादून : 35 अधिकारियों के टीमों ने दस बिल्डरों के प्रतिष्ठानों पर मारे छापे, बड़ी टैक्स चोरी पकड़ी

Wed, 14 Oct 2020 10:54 AM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, देहरादून Published by: Nirmala Suyal Nirmala Suyal Updated Wed, 14 Oct 2020 10:54 AM IST
सार

  • 100 करोड़ के फ्लैट्स व बिल्डिंग मैटेरियल की बिक्री में करीब 12 करोड़ की टैक्स चोरी पकड़ी
  • एक बिल्डर ने 16 लाख रुपये किए सरेंडर, बड़ी संख्या में दस्तावेज हुए जब्त
  • कई बिल्डरों के रजिस्ट्री में गड़बड़ी कर स्टांप चोरी की भी आशंका

विज्ञापन
uttarakhand news:  Teams of 35 officials raid in ten builders office, caught big tax evasion
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : PTI

विस्तार

राज्य कर विभाग की विशेष अनुसंधान शाखा ने मंगलवार को देहरादून के बिल्डरों के दफ्तरों पर छापेमारी की। इस दौरान 12 करोड़ से ऊपर की टैक्स चोरी पकड़ी गई। कई बिल्डरों के टैक्स चोरी के बड़े खेल भी सामने आए हैं।

विज्ञापन


मंगलवार को सुबह से ही जीएसटी के 35 अधिकारियों की टीमों ने दून के दस नामी बिल्डरों के प्रतिष्ठानों पर छापा मारा। अचानक हुई कार्रवाई से बिल्डरों में हड़कंप मच गया। जीएसटी अधिकारियों ने बड़ी तादाद में दस्तावेज जब्त कर लिए।
विज्ञापन


प्राथमिक जांच में बिल्डरों के 100 करोड़ कीमत के फ्लैट्स और बिल्डिंग मैटेरियल की बिक्री में करीब 12 करोड़ रुपये की टैक्स चोरी पकड़ में आई है। एक बिल्डर ने चोरी स्वीकार करते हुए 16 लाख रुपये सरेंडर भी किए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


ऐसे खेल आए पकड़ में

1-एक बिल्डर का जीएसटी पंजीकरण दो साल से रद्द है। इसके बावजूद बिल्डर लगातार अपने फ्लैट्स बेच रहा है। जीएसटी अधिकारियों के मुताबिक, इस बिल्डर के कालीदास रोड और बलबीर रोड पर प्रोजेक्ट चल रहे हैं। उन्होंने 16 लाख रुपये सरेंडर किए हैं।
2-एक बिल्डर बिना जीएसटी पंजीकरण कराए ही फ्लैट्स बेच रहा है। बिल्डर के दफ्तर से बड़ी तादाद में ऐसे दस्तावेज जब्त कर जांच की जा रही है।
3-कुछ बिल्डर ऐसे भी पकड़ में आए हैं, जिन्होंने मूल्य घटाने के लिए फ्लैट के क्षेत्रफल को कम करके दिखाया ै। कम एरिया की रजिस्ट्री कराई है। जिस कारण फ्लैट का मूल्य घटकर, वास्तविक मूल्य से काफी कम हो गया है। सरकार को स्टांप शुल्क की हानि हुई है। 
4-कामर्शियल कांप्लेक्स में चल रही दुकानों से कम किराया दिखाकर या बचाकर जीएसटी की चोरी की जा रही है। ऐसे लोगों के बैंकों की पूरी जानकारी खंगाली जा रही है ताकि असल मायने में जीएसटी चोरी का आकलन किया जा सके।
 

छापे में यह टीम रहीं शामिल

अपर आयुक्त अनिल सिंह के निर्देशों पर उपायुक्त यशपाल सिंह, सहायक आयुक्त जयदीप सिंह रावत, राज्य कर अधिकारी सुनील रावत, धरेंद्र कुमार, मोनिका पंत, पराक्रम प्रसाद, संगीता बिजल्वाण, ऑडिट शाखा के उपायुक्त भुवन पांडेय, विनय पांडेय, आशीष ठाकुर, आशीष उपाध्याय, अजय बिरथरे, अवधेश पांडेय, संजीव त्रिपाठी, अंजली गुसाईं, सौरभ तिवारी, निखिलेश श्रीवास्तव। 

दो महीने की कड़ी मेहनत का नतीजा

राज्य कर विभाग को लंबे समय से बिल्डरों की मनमानियों और कर चोरी की सूचनाएं मिल रहीं थीं। विभाग की जांच टीमें दो महीने से ऐसे बिल्डरों की कुंडली तैयार कर रहीं थीं। मंगलवार को सभी के प्रतिष्ठानों पर एक साथ छापा मारा गया।

पहली बार इतने बड़े पैमाने पर हुई कार्रवाई

राज्य कर विभाग की ओर से पहली बार बिल्डरों की इस तरह टैक्स चोरी पकड़ने के लिए कार्रवाई अमल में लाई गई है। विभाग का कहना है कि प्रदेशभर में यह अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत जहां भी कर चोरी की आशंका होगी, वहां छापा मारकर कार्रवाई की जाएगी।

इधर-उधर फोन लगाने में लगे रहे बिल्डर

जैसे ही राज्य कर विभाग की टीमों ने बिल्डरों के प्रतिष्ठानों पर छापा मारा तो बिल्डरों में हड़कंप मच गया। वह सिफारिशें लगाने के लिए इधर से उधर फोन करते नजर आए। हालांकि कहीं से भी राहत नहीं मिल पाई।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed