उत्तराखंड: पहले किया दुष्कर्म, फिर वीडियो वायरल करने की धमकी देकर कर रहा था शादी, समय रहते पहुंची पुलिस
एक गुरुद्वारे में शादी के लिए वर और वधू पक्ष के लोग जमा थे। 14 साल की किशोरी दुल्हन के लिबास में सजी थी। गुरुद्वारा प्रबंधन से जुड़े लोगों ने शक होने पर लड़की की उम्र के कागज मांगे तो पोल खुल गई।
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30 साल के ड्राइवर ने 14 साल की किशोरी से दुष्कर्म किया और शादी नहीं करने पर वीडियो वायरल करने की धमकी दी। मजबूर पिता ने शादी की हामी भरी तो सात फेरे लेने से पहले ही पुलिस पहुंच गई। पुलिस ने शादी रुकवाकर ड्राइवर को गिरफ्तार कर लिया है। उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जेल भेज दिया गया है।
गुरुद्वारा प्रबंधन से जुड़े लोगों ने कागज मांगे तब खुली पोल
बुधवार को एक गुरुद्वारे में शादी के लिए वर और वधू पक्ष के लोग जमा थे। 14 साल की किशोरी दुल्हन के लिबास में सजी थी। गुरुद्वारा प्रबंधन से जुड़े लोगों ने शक होने पर लड़की की उम्र के कागज मांगे तो पोल खुल गई। मुखानी थानाध्यक्ष कवींद्र शर्मा ने शादी रुकवा दी। दूल्हा बने बरेली जिले के सिरसा भमोरा निवासी संतोष को हिरासत में ले लिया।
लड़की के पिता ने मुखानी पुलिस को तहरीर देकर आरोप लगाया कि संतोष उसकी बेटी का चार महीने से शारीरिक शोषण कर रहा था। उसने आपत्तिजनक स्थिति में उसकी बेटी का वीडियो भी बनाया था। शादी नहीं करने पर वह वीडियो वायरल करने की धमकी देता था।
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पुलिस ने इस मामले में संतोष के खिलाफ धारा 376 (3), 376 (2), 506 और पॉक्सो एक्ट के तहत नामजद मुकदमा दर्ज किया है। मुकदमे की विवेचना उपनिरीक्षक दीपा जोशी कर रही हैं। पुलिस ने आरोपी को अदालत के समक्ष पेश किया, जहां से न्यायिक हिरासत में लेकर उसे जेल भेज दिया गया।
छात्रा से छेड़खानी पर शिक्षक को सात साल की सजा
हल्द्वानी में विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो) नंदन सिंह की अदालत ने छात्रा से छेड़खानी के मामले में अध्यापक को सात साल की कारावास की सजा सुनाई है। उस पर 32 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता नवीन जोशी के अनुसार तीन जुलाई 2017 को एक छात्रा अपने भाई के साथ बाइक से स्कूल जा रही थी। बाइक खराब होने पर वह पैदल जाने लगी।
इस बीच कार सवार अध्यापक ने छात्रा से कहा कि वह उसे स्कूल तक छोड़ देगा। छात्रा कार में बैठने के लिए तैयार नहीं थी, लेकिन अध्यापक ने हाथ पकड़कर उसे जबरदस्ती बैठा लिया। छात्रा कार से निकलने के लिए छटपटाने लगी। छात्रा का शोर सुनकर राह चलते लोगों ने टैंकर और अन्य वाहनों को सड़क पर आगे खड़ा करके कार रोक ली। छात्रा ने आरोप लगाया कि अध्यापक ने जबरदस्ती की और शादी का झांसा दे रहा था।
स्थानीय लोग अध्यापक को पकड़कर मुखानी थाने ले गए। पिता की तहरीर पर पुलिस ने अध्यापक के खिलाफ धारा 354, 363, 366, 506, 7/8 पॉक्सो एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया। पुलिस ने विवेचना के दौरान अध्यापक को गिरफ्तार कर लिया। अध्यापक को कुछ दिनों बाद हाईकोर्ट से जमानत मिल गई।
मुकदमे की विवेचक लता बिष्ट ने अध्यापक के खिलाफ कोर्ट में आरोप पत्र दायर किया। कोर्ट ने साक्ष्यों का अवलोकन करने के बाद अध्यापक मोबीन को घटना का दोषी पाया। अदालत ने अध्यापक को पुलिस हिरासत में लेने का आदेश दिया। सजा सुनाने के बाद अदालत ने दोषी अध्यापक को जेल भेज दिया है।