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उत्तराखंड : महंगाई के विरोध में कांग्रेस का उपवास आज, प्रदेश भर में कार्यकर्ता सांकेतिक उपवास पर
Sun, 30 May 2021 12:08 PM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal
न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
Published by: Nirmala Suyal Nirmala Suyal
Updated Sun, 30 May 2021 12:08 PM IST
सार
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह के आह्वान पर 30 मई को कांग्रेस कार्यकर्ता सांकेतिक उपवास पर बैठे हैं।
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रविवार को कांग्रेस उपवास पर
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं की कमी और बढ़ती महंगाई के विरोध में रविवार को कांग्रेस उपवास पर है। प्रदेश भर में जिला, ब्लाक, नगर मुख्यालयों में कांग्रेस कार्यकर्ता सांकेतिक उपवास कर सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल रही है। देहरादून में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह व हल्द्वानी में नेता प्रतिपक्ष डॉक्टर इंदिरा हृदयेश कार्यकर्ताओं के साथ उपवास पर बैठे हैं।
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कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष प्रीतम सिंह के आह्वान पर 30 मई को कांग्रेस कार्यकर्ता सांकेतिक उपवास पर बैठे हैं। प्रीतम सिंह ने कहा कि कोरोना महामारी में प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाएं ध्वस्त हो चुकी है। वहीं, बढ़ती महंगाई से आम लोग परेशान हैं। प्रदेेश सरकार न तो स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध करा पा रही है और न ही महंगाई रोकने में सफल है। इसके विरोध में कांग्रेस रविवार को प्रदेश भर में सांकेतिक उपवास कर रही है।
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कैबिनेट के निर्णयों ने किया प्रदेशवासियों को निराश : प्रीतम सिंह
प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष प्रीतम सिंह ने कहा कि कोरोना महामारी और बेरोजगारी को लेकर मंत्रिमंडल के निर्णय निराश करने वाले हैं। संकटकाल में कैबिनेट के निर्णयों का लोग बड़ी आतुरता और उत्सुकता के साथ इंतजार करते हैं। लेकिन कोरोनाकाल में किसी तरह की राहत नहीं दी है।
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प्रीतम सिंह ने जारी बयान में कहा कि प्रदेश के लोगों को उम्मीद थी कि सरकार संकटकाल को देखते हुए राहत भरे निर्णय लेगी। लेकिन कैबिनेट के निर्णयों से एक बार फिर राज्य की गरीब जनता की झोली खाली ही रह गई है। कारोबारियों और लोगों को आस थी कि सरकार राहत पैकेज और मुफ्त राशन का निर्णय लेगी।
सरकार ने 20 किलो अनाज के सपने दिखाकर बैठक के दौरान खाद्य विभाग के प्रस्ताव को ठुकरा दिया। विभिन्न सेक्टर में काम करने वाले लोगों पर महामारी से आजीविका का संकट खड़ा हो गया है। वहीं, महंगाई ने गरीब जनता की कमर तोड़ दी है।
प्रीतम सिंह ने कहा कि राज्य सरकार को संवेदनशीलता दिखाते हुए इस महामारी के दौर में जो भी लोग बेरोजगार हुए हैं और जिनके ऊपर रोजी-रोटी का संकट खड़ा हुआ है, उनके लिए रोड मैप के तहत कार्य करने की जरूरत है।