उत्तराखंड: कानपुर निवासी भाई-बहन के गंगा में बहने की आशंका, देवप्रयाग संगम तट पर दिखे थे आखिरी बार
बुधवार शाम संगम घाट पर जूते व कपड़ों का थैला मिलने पर लोगों ने पुलिस को इसकी सूचना दी। मौके पर पूछताछ करते हुए पुलिस को पता चला कि शाम 4 बजे महिला-पुरुष ने संगम तट पर पंडितों से पूजा करवाई थी।
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उत्तराखंड में देवप्रयाग संगम स्थल पर कानपुर निवासी बुजुर्ग भाई-बहन के गंगा नदी में बहने का अंदेशा जताया जा रहा है। दोनों अविवाहित बताए जा रहे हैं। वह बदरीनाथ यात्रा जाने की बात कहकर दो दिन पहले यहां एक होटल में ठहरे थे। पुलिस और एसडीआरएफ की टीम गंगा में दोनों की तलाश कर रही है।
गत बुधवार शाम संगम घाट पर जूते व कपड़ों का थैला मिलने पर लोगों ने पुलिस को इसकी सूचना दी। मौके पर पूछताछ करते हुए पुलिस को पता चला कि शाम 4 बजे महिला-पुरुष ने संगम तट पर पंडितों से पूजा करवाई थी। शाम लगभग छह बजे वह ओट मेें बने महिला घाट की ओर चले गए। यहां से दोनों को लौटते हुए किसी नेे नहीं देखा। घाट में पुलिस को चप्पल और एक बैग मिला, लेेकिन इसमें पहचान संबंधी कोई कागजात नहीं मिले। मौके पर सामान मिलने और दोनों के नहीं लौटने पर उनके गंगा में बहने की आशंका जताई गई।
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जांच के दौरान पुलिस को उस होटल का पता चल गया, जिसमें दोनों ठहरे हुए थे। होटल में उनका कमरा खुला मिला। यहां कपड़ों से भरे दो ब्रीफकेस व बैग मिले। होटल के रजिस्टर व पेन कार्ड के आधार पर दोनों की पहचान परागनगर कानपुर (यूपी) निवासी नागेश्वर प्रसाद के पुत्र अरविंद (65) व पुत्री सुमन (62) के रूप में हुई। पुलिस को उनके सामान के साथ पुराना मोबाइल फोन मिला। फोन में कॉल रिकार्ड के आधार पर पुलिस ने संबंधित नंबरों पर संपर्क किया।
इसमें पुलिस का संपर्क लखनऊ निवासी जितेंद्र प्रसाद से हुआ। जितेंद्र ने बताया कि दोनों अविवाहित हैं। तीन वर्ष पूर्व उसने लखनऊ में इनसे 11 लाख रुपये में घर खरीदा था। इसके बाद वे दोनों किराये में लखनऊ में ही रह रहे थे। दोनों बहुत कम ही बाहर निकलते थे। छह माह पूर्व उनसे मुलाकात हुई थी। उन्होंने यात्रा पर जाने की बात कही थी। थाना प्रभारी महिपाल सिंह रावत ने बताया कि 20 सितंबर की शाम दोनों लोग देवप्रयाग पहुंचे थे। यहां बदरीनाथ यात्रा पर जाने की बात कहकर एक होटल में ठहरे थे। 21 सितंबर को दोनों देवप्रयाग व आसपास घूमते रहे। 22 सितंबर की शाम दोनों ने संगम में पूजा करवाई।
रुपिन नदी में बहा युवक
गोविंद वन्य जीव विहार क्षेत्र के सेवा गांव का एक युवक रुपीन नदी में बह गया। युवक हिमाचल प्रदेश के क्वार गांव से घर लौट रहा था। युवक की तलाश के लिए नदी में सर्च अभियान चलाया जा रहा है। लगातार बारिश व नदी में तेज बहाव के चलते सर्च अभियान में मुश्किलें आ रही है।
बुधवार दोपहर सेवा गांव निवासी प्रदीप चौहान हिमाचल प्रदेश के क्वार गांव से घर लौट रहा था। सोलांड़ा तोक में रुपिन नदी पर लकड़ी के पुल से नदी पार करते समय पैर फिसलने से वह तेज बहाव में बह गया। तहसीलदार चमन सिंह ने बताया कि घटना की सूचना राजस्व विभाग को शाम करीब साढ़े पांच बजे मिली।
सूचना पर राजस्व उपनिरीक्षक दोणी आशीष कुमार के नेतृत्व में राजस्व विभाग की टीम मौके पर भेज दी गई थी। बृहस्पतिवार सुबह एसडीआरएफ की टीम भी मौके के लिए रवाना हो गई है, लेकिन लगातार बारिश व नदी के तेज बहाव के कारण सर्च अभियान में मुश्किलें आ रही हैं।