{"_id":"5d308d4d8ebc3e6c914aaf2b","slug":"uttarakhand-high-court-order-to-submit-progress-report-in-case-of-channel-worker-death","type":"story","status":"publish","title_hn":"चैनल कर्मी की मौत के मामले में उत्तराखंड हाईकोर्ट ने प्रोग्रेस रिपोर्ट पेश करने के दिए निर्देश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चैनल कर्मी की मौत के मामले में उत्तराखंड हाईकोर्ट ने प्रोग्रेस रिपोर्ट पेश करने के दिए निर्देश
Thu, 18 Jul 2019 08:54 PM IST
अलका त्यागी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नैनीताल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नैनीताल
Published by: अलका त्यागी
Updated Thu, 18 Jul 2019 08:54 PM IST
विज्ञापन
- फोटो : फाइल फोटो
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हाईकोर्ट ने एक न्यूज चैनल के कर्मचारी की संदिग्ध परिस्थितियों की मौत के मामले में आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होने पर एसएचओ कालाढूंगी को चार सप्ताह के भीतर प्रोग्रेस रिपोर्ट कोर्ट में पेश करने के निर्देश दिए हैं।
विज्ञापन
न्यायमूर्ति मनोज कुमार तिवारी की एकलपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। मामले के अनुसार गाजियाबाद निवासी गंगा देवी ने हाईकोर्ट में याचिका दायर कर कहा था कि उसके 34 वर्षीय पुत्र देवेंद्र सिंह पटवाल की मृत्यु 1 जनवरी 2018 को संदिग्ध परिस्थितियों में हो गई थी।
विज्ञापन
याचिकाकर्ता का कहना था कि वह एक न्यूज चैनल में काम करता था और नैनीताल का प्रभारी था। याचिका में कहा कि उसे शक था कि उसके पुत्र को मार दिया गया है। जिसकी रिपोर्ट दर्ज करने वह रामनगर थाने गई, लेकिन थानाध्यक्ष रामनगर की ओर से रिपोर्ट लिखने से मना कर दिया गया।
विज्ञापन
उसके बाद याचिकाकर्ता की ओर से एसएसपी नैनीताल को प्रार्थनापत्र दिया गया, फिर भी कोई कार्रवाई नहीं की गई तो मजिस्ट्रेट रामनगर व हल्द्वानी में 156 (3) का प्रार्थनापत्र दिया। इसके बाद न्यायिक मजिस्ट्रेट हल्द्वानी नेहा कुशवाह की अदालत ने प्रभारी निरीक्षक थाना कालाढूंगी को 23 जनवरी 2019 को रिपोर्ट दर्ज करने को कहा।
30 जनवरी 2019 को 10 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज तो की गई लेकिन एसएचओ की ओर से अभियुक्तों की गिरफ्तारी नही की गई है। पक्षों की सुनवाई के बाद हाईकोर्ट की एकलपीठ ने एसएचओ कालाढूंगी को चार सप्ताह के भीतर प्रोग्रेस रिपोर्ट कोर्ट में पेश करने के निर्देश दिए हैं।