Uttarakhand: हाईकोर्ट ने दिए हर जिले में स्पेशल टास्क फोर्स का गठन करने के निर्देश, दो हफ्ते में मांगी रिपोर्ट
ऊधमसिंह नगर निवासी रमेश लाल ने हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर कर कहा था कि कोसी नदी में कई वर्षों से अवैध खनन का कार्य किया जा रहा है। इस पर हाईकोर्ट ने 2019 में अवैध खनन रोकने के लिए स्पेशल टास्क फोर्स गठित करने के दिशा निर्देश जारी किए गए थे।
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ऊधमसिंह नगर जिले की कोसी नदी में अवैध खनन मामले में पूर्व के आदेश का पालन नहीं करने पर हाईकोर्ट ने सरकार का जवाब तलब किया है। कोर्ट ने पूर्व में जारी दिशा निर्देश के तहत हर जिले में स्पेशल टास्क फोर्स का गठन करने के निर्देश दिए हैं। दो सप्ताह में उसकी रिपोर्ट कोर्ट में पेश करने और टास्क फोर्स में हर ग्राम सभा के प्रधान को भी शामिल करने के लिए कहा गया है।
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मुख्य न्यायाधीश विपिन सांघी और न्यायमूर्ति आलोक कुमार वर्मा की खंडपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। अवैध खनन मामले में पूर्व के आदेश का पालन नहीं करने पर फिर से जनहित याचिका दायर की गई थी।
हाईकोर्ट ने रिवर ड्रेजिंग पॉलिसी के तहत कोसी नदी में प्राइवेट लोगों को खनन के पट्टे जारी करने वाली विज्ञप्ति पर जनहित याचिका के विचाराधीन होने तक कोई कार्यवाही नहीं करने के आदेश भी दिए हैं। सुनवाई के दौरान सचिव खनन और अन्य अधिकारी भी व्यक्तिगत रूप से कोर्ट में पेश हुए। मामले की अगली सुनवाई छह अप्रैल को होगी।
2019 में हाईकोर्ट ने जारी किए थे दिशा निर्देश
ऊधमसिंह नगर निवासी रमेश लाल ने हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर कर कहा था कि ऊधमसिंह नगर की कोसी नदी में कई वर्षों से अवैध खनन का कार्य किया जा रहा है। इस पर हाईकोर्ट ने 2019 में अवैध खनन रोकने के लिए स्पेशल टास्क फोर्स गठित करने के दिशा निर्देश जारी किए गए थे।
इसके बावजूद अब तक टॉस्क फोर्स का गठन नहीं किया गया। याचिकाकर्ता का कहना था कि कोर्ट ने पूर्व में जो आदेश दिए थे उनकी अवहेलना करते हुए फिर से अवैध खनन किया जा रहा है। कोर्ट के आदेश का पालन नहीं करने पर दोषी अधिकारियों के खिलाफ अवमानना की कार्यवाही की जाए।