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उत्तराखंड: सरकारी अस्पताल में मरीजों को ब्रांडेड दवा लिखने वाले डॉक्टरों पर सरकार सख्त, कार्रवाई के निर्देश
Thu, 12 Oct 2023 11:05 PM IST
अलका त्यागी
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
Published by: अलका त्यागी
Updated Thu, 12 Oct 2023 11:05 PM IST
सार
स्वास्थ्य सेवाओं को हकीकत जानने के लिए सचिव स्वास्थ्य ने पिथौरागढ़, बागेश्वर, चंपावत और ऊधमसिंह नगर जिले का दौरा किया। उन्होंने कई अस्पतालों में जाकर स्वास्थ्य सेवाओं को परखने के साथ ही मरीजों और तीमारदारों से मिलने वाली सुविधाओं पर फीडबैक लिया।
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दवाईयां
- फोटो : अमर उजाला फाइल फोटो
विस्तार
राजकीय अस्पतालों में मरीजों के पर्चे पर ब्रांडेड कंपनियों की महंगी दवाइयां लिखने पर सरकार सख्त है। अल्मोड़ा जिला चिकित्सालय और काशीपुर उप जिला चिकित्सालय में डॉक्टर मरीजों को बाहर की दवाइयां लिख रहे हैं। इस पर सचिव स्वास्थ्य डॉ. आर. राजेश कुमार ने कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं।
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स्वास्थ्य सेवाओं को हकीकत जानने के लिए सचिव स्वास्थ्य ने पिथौरागढ़, बागेश्वर, चंपावत और ऊधमसिंह नगर जिले का दौरा किया। उन्होंने कई अस्पतालों में जाकर स्वास्थ्य सेवाओं को परखने के साथ ही मरीजों और तीमारदारों से मिलने वाली सुविधाओं पर फीडबैक लिया। अल्मोड़ा जिला अस्पताल में संविदा पर तैनात डॉक्टर के खिलाफ बाहर से दवा इयांलिखने की शिकायत मिली। सचिव ने अस्पताल के सीएमएस को डॉक्टर को हटाने के निर्देश दिए। इसके बाद उप जिला चिकित्सालय काशीपुर में निरीक्षण के दौरान सचिव स्वास्थ्य ने एक महिला मरीज से बातचीत की।
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जब उन्होंने पर्चे पर लिखी दवाइयां अस्पताल में मिलने के बारे में पूछा तो महिला ने बताया कि एक दवा अस्पताल में मिली और दो दवाइयां बाहर से खरीदी है। इस पर सचिव ने मेडिकल स्टोर में दवाइयों की उपलब्धता के बारे में पूछा। उन्हें बताया कि जो दवाई बाहर से लिखी है, उसी सॉल्ट की दवा अस्पताल में है। इस पर संज्ञान लेकर सचिव ने डॉक्टर को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
सचिव स्वास्थ्य ने कहा कि प्रदेश सरकार अस्पतालों में मरीजों को जांच से लेकर दवाइयां तक सभी मुफ्त दे रही है। मरीजों के पर्चे में बाहर की दवाइयां लिखने वाले डॉक्टर पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।