फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   Uttarakhand government expectations from electricity, water, mining and forestry far behind target of earning

Uttarakhand: बिजली, पानी, खनन और वानिकी से सरकार की उम्मीदों को झटका, कमाई के तय लक्ष्य से बहुत पीछे

Wed, 27 Dec 2023 03:03 PM IST
अलका त्यागी अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून
अमर उजाला ब्यूरो, देहरादून Published by: अलका त्यागी Updated Wed, 27 Dec 2023 03:03 PM IST
सार

कुछ दिन पूर्व हुई समीक्षा के दौरान आय से संबंधित आंकड़े प्रस्तुत किए गए। सरकार ने स्वयं के प्रयासों से इस साल 24745 करोड़ रुपये की आय का लक्ष्य रखा है। लेकिन इसके सापेक्ष उसे 22 दिसंबर तक 16436 करोड़ रुपये की आय हुई है।

विज्ञापन
Uttarakhand government expectations from electricity, water, mining and forestry far behind target of earning
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : संवाद

विस्तार

बिजली, पानी, खनन और वानिकी से जुड़े विभागों से प्रदेश सरकार की उम्मीदों को झटका लगा है। वित्तीय वर्ष के नौ महीने पूरे होने जा रहे हैं, लेकिन आय की संभावनाओं वाले चार प्रमुख क्षेत्रों का प्रदर्शन उत्साहित करने वाला नहीं है। यही वजह है कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी व वित्त मंत्री प्रेमचंद अग्रवाल कम कमाई करने वाले विभागों पर विशेष प्रयास किए जाने के लिए लगातार दबाव बना रहे हैं।

विज्ञापन


कुछ दिन पूर्व हुई समीक्षा के दौरान आय से संबंधित आंकड़े प्रस्तुत किए गए। सरकार ने स्वयं के प्रयासों से इस साल 24745 करोड़ रुपये की आय का लक्ष्य रखा है। लेकिन इसके सापेक्ष उसे 22 दिसंबर तक 16436 करोड़ रुपये की आय हुई है। इस आय में स्टाम्प, परिवहन, वैट, एसडीएसटी व आबकारी से होने वाली आय का बड़ा योगदान है। आबकारी में विभाग ने दिसंबर तक लक्ष्य के सापेक्ष प्रतिशत यानी 3008 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त कर लिया है।
विज्ञापन


Uttarakhand: धामी सरकार के दायित्वधारियों को मिलेंगे 45000 प्रतिमाह मानदेय, किराए की टैक्सी के लिए 80 हजार
विज्ञापन
विज्ञापन


लेकिन जल कर, विद्युत कर, खनन और वानिकी सरीखे सेक्टर से आय उम्मीद के अनुरूप नहीं हो पाई है। इतना जरूर है कि पिछले वित्तीय वर्षों की तुलना में सुधार है, लेकिन तय लक्ष्य से अभी काफी पीछे हैं। मिसाल के तौर पर सरकार ने जल कर से 500 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त होने का लक्ष्य बनाया है, लेकिन अभी तक 176 करोड़ की खजाने में आ पाएं हैं। वर्ष 2022-23 में 123 करोड़ की आय अर्जित की थी। विद्युत कर के लिए सरकार ने 550 करोड़ राजस्व प्राप्त करने का लक्ष्य रखा था, जिसके सापेक्ष 170 करोड़ ही खजाने में आ पाए हैं। पिछले साल इस मद में 72 करोड़ की आय हुई थी। खनन मद में 875 करोड़ के सापेक्ष सरकार के खाते में 355 करोड़ ही आ पाए, जबकि पिछले वर्ष पूरे वित्तीय वर्ष में विभाग ने 475 करोड़ रुपये कमाए थे।

 विभाग                 लक्ष्य        आय          प्रतिशत
जल कर                500         176             35
विद्युत कर            550         193             35
विद्युत कर अलग   550         170             31
खनन                    875         355             41
वानिकी                  700        349             50
नोटः लक्ष्य व आय के आंकड़े करोड़ में। स्रोतः वित्त विभाग

हमने वित्तीय वर्ष के आरंभ से राजस्व प्राप्तियों को बढ़ाने पर जोर दिया है। हर महीने समीक्षा की है। मुख्यमंत्री के स्तर पर भी लगातार समीक्षा हो रही हैं। इसका परिणाम है कि पिछले वित्तीय वर्षों की तुलना में इस वर्ष राजस्व प्राप्तियों में सुधार है। जिन विभागों ने लक्ष्य से काफी कम राजस्व प्राप्त किया है, उन्हें शेष महीने में और अधिक प्रयास करने के निर्देश दिए गए हैं।

- प्रेमचंद अग्रवाल, वित्त मंत्री

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed