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उत्तराखंड कैबिनेट का फैसला: अवैध शराब बेची तो सात साल की सजा, जमानत भी नहीं
Tue, 19 Feb 2019 08:37 AM IST
Nirmala Suyal Nirmala Suyal
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून
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Published by: Nirmala Suyal Nirmala Suyal
Updated Tue, 19 Feb 2019 08:37 AM IST
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trivendra singh rawat
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प्रदेश में अवैध शराब की बिक्री के मामले को गैर जमानती बनाने के साथ ही दो साल की सजा के प्रावधान को बढ़ाकर सात वर्ष की सजा कर दिया गया है। प्रदेश मंत्रिमंडल ने सख्त कदम उठाते हुए संयुक्त प्रांत अधिनियम 1910 में परिवर्तन किया है।
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प्रदेश में अवैध शराब से कई मौतों के बाद सरकार ने यह कड़ा कदम उठाया है। मंत्रिमंडल ने उत्तराखंड वेस्ट इनर्जी पॉलिसी 2019 को प्रख्यापित करने का निर्णय लिया है। इसके तहत ठोस कचरा प्रबंधन संयंत्र स्थापित करने के लिए निकायों को एक रुपये प्रति मीटर की दर से 20 वर्ष या परियोजना अवधि तक भूमि उपलब्ध करानी होगी। सर्वोच्च न्यायालय से निर्णय के बाद सरकार अब वेस्ट इनर्जी पालिसी लेकर आई है।
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मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत की अध्यक्षता में सोमवार को विधानसभा में हुई मंत्रिमंडल की बैठक में पेश 16 प्रस्तावों में से 13 पर मुहर लगी। कैबिनेट ने उत्तराखंड नगर निगम संशोधन विधेयक 2019 को पटल पर रखने का निर्णय लिया है। इसके तहत पांच लाख की आबादी वाले नगर निकायों में नगर आयुक्त को पांच लाख रुपये महापौर को छह लाख रुपये, कार्यकारिणी समिति को 15 लाख रुपये और बोर्ड को 15 लाख रुपये से अधिक राशि व्यय करने का अधिकार मिलेगा।
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इसी तरह पांच लाख से अधिक जनसंख्या वाले निकायों में आयुक्त को 10 लाख रुपये, महापौर को 12 लाख, कार्यकारिणी समिति को 25 लाख रुपये और बोर्ड के पास 25 लाख रुपये से अधिक के कार्यों को अपने स्तर से निस्तारित करने का वित्तीय अधिकार मिल जाएगा। कैबिनेट ने महिला सशक्तीकरण एवं बाल विकास विभाग की नंदा गौरी योजना में पात्रों को बड़ी सौगात दी है। योजना के तहत लाभार्थी बालिका के जन्म पर 11 हजार रुपये और 12वीं पास करने पर 51 हजार रुपये देने का प्रावधान किया गया है। ये सुविधा परिवार की अधिकतम दो बालिकाओं के लिए मान्य रहेगी।
बिंदाल और रिस्पना का बदलेगा स्वरूप
मंत्रिमंडल ने बिंदाल-रिस्पना रिवर फ्रंट डेवलपमेंट योजना के तहत एमडीडीए को श्रेणी छह ए (जलमग्न क्षेत्र) का भू उपयोग परिवर्तन करने का अधिकार दिया है। अब एमडीडीए भू परिवर्तन कर योजना के विकास के लिए भूमि स्थानांतरित कर सकेगा। गुजरात की साबरमती योजना की तर्ज पर त्रिवेंद्र सरकार ने ये प्रावधान किया। इसके अलावा मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में एक कमेटी का गठन होगा। इसमें राजस्व, शहरी विकास, आवास, वित्त विभाग के सचिव सदस्य रहेंगे। यह कमेटी योजना की रिपोर्ट तैयार कर उसे मुख्यमंत्री को सौंपेगी।
पुरुकुल-मसूरी रोप वे का रास्ता साफ
पर्यटन विभाग ने देहरादून पुरुकुल ग्राम से मसूरी लाइब्रेरी चौक तक रोप वे निर्माण के लिए स्वीकृति दे दी है। परियोजना का निर्माण पीपीपी मोड पर किया जाएगा। कैबिनेट ने निर्माण के लिए एकल निविदा से मैसर्स एफआईएल इंडस्ट्रीयल को काम सौंपने का निर्णय लिया है।
अन्य प्रमुख फैसले
-उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग का संयुक्त वार्षिक प्रतिवेदन विधानसभा पटल पर रखा जाएगा।
-उत्तराखंड लोक सेवा आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लिए आरक्षण विधेयक 2019 विस पटल पर आएगा।
-पंचायतीराज विभाग के पूर्व स्वीकृत ढांचे में उपनिदेशक और लेखाकार का एक-एक पद स्वीकृत किया गया है।
-भूमि विनियमितीकरण के लिए फरवरी 2018 के शासनादेश में समय वृद्धि का प्रावधान किया गया।
-सरस्वती शिशु मंदिर दन्या अल्मोड़ा का इंटरमीडिएट में उच्चीकरण किया गया।
-लघु सूक्ष्म एवं मध्यम उद्योगों से संबंधित क्रय वरीयता नीति 2019 प्रख्यापित करने को मंजूरी
पूर्व सैनिक, सैनिक विधवा एवं आश्रितों के लिए वर्ष 2014-15 में हिल्ट्रान के कैल्क केंद्र, कोटद्वार में संचालित कोर्स की बकाया राशि भुगतान को मंजूरी।