केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री निशंक के खिलाफ दायर याचिका पर सुनवाई टली, कोर्ट ने कही ये बात
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केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री, उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री और हरिद्वार सांसद रमेश पोखरियाल के खिलाफ हाईकोर्ट में दायर चुनाव याचिका पर सुनवाई टल गई है। कोर्ट ने याचिकाकर्ता से कहा है कि पहले अपनी याचिका में पक्षकार बनाए गए भारतीय चुनाव आयोग का नाम हटाएं तभी उनकी याचिका पर सुनवाई होगी।
न्यायमूर्ति लोकपाल सिंह की एकलपीठ के समक्ष मनीष वर्मा की याचिका पर सुनवाई हुई। याचिकाकर्ता ने हरिद्वार लोकसभा चुनाव के समय प्रत्याशी रमेश पोखरियाल के नामांकन पर आपत्तियां उठाईं थीं जिन्हें हाईकोर्ट ने खारिज कर दिया था।
याचिका में कहा गया था कि रमेश पोखरियाल निशंक ने अपने शपथपत्र में कई स्थान रिक्त छोड़ दिए थे। मुख्यमंत्री रहते हुए निशंक पर आवास का 2 करोड़ 7 लाख का बकाया है। इस पर उच्च न्यायालय तीन मई को रुलक संस्था की जनहित याचिका पर अपना निर्णय भी दे चुका है कि निशंक ने सरकार का बकाया भुगतान करना है।
याचिका में यह भी कहा गया था कि सांसद आवास का जो नोड्यूज जमा किया गया वो भी प्रोविजनल है। इसके अलावा, याचिका में यह भी कहा गया कि निशंक ने राज्य सरकार द्वारा आवंटित संपत्ति और शैक्षणिक योग्यता का विवरण भी नहीं दिया।