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Dehradun News: विस्थापन के लिए तीन स्थान चिह्नित
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जाखन गांव के आपदा प्रभावितों के विस्थापन के लिए प्रशासन ने तीन स्थानों को चिह्नित कर लिया है। एसडीएम ने तीनों स्थानों की भू वैज्ञानिक जांच के लिए लिए जिलाधिकारी को पत्र लिखा है। वहीं अस्थाई विस्थापन के लिए सुरक्षित स्थान न मिलने के चलते प्रशासन ने प्रभावित परिवारों को किराए पर कमरा लेने का सुझाव दिया है, जिसके लिए चार हजार रुपये की भुगतान धनराशि निर्धारित है।
बीती 16 अगस्त को जाखन गांव में भू-धंसाव के चलते भारी नुकसान हुआ था। 10 मकान जमींदोज हो गए, जबकि अन्य सभी मकानों में दरार आ गई। गांव के रास्ते और खेतों में भी दरारें आ गई थी। प्रशासन ने पूर्व माध्यमिक विद्यालय पष्टा स्थित राहत कैंप में 25 परिवार के 102 आपदा प्रभावितों को शिफ्ट किया था।
तब से आपदा प्रभावित राहत कैंप में ही रह रहे हैं। हाल में आपदा प्रभावितों और स्थानीय जनप्रतिनिधियों की मांग पर प्रशासन ने प्रभावितों के अस्थाई विस्थापन की तैयारी की थी। एसडीएम विनोद कुमार ने बताया कि अस्थाई विस्थापन के लिए आसपास कोई भी सुरिक्षत स्थान नहीं मिल पाया है।
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उन्होंने कहा कि अब आपदा प्रभावितों के स्थाई विस्थापन की तैयारी चल रही है। गांव के आसपास के क्षेत्र भी आपदा के लिहाज से संवेदनशील है। बताया कि इसलिए छरबा, रुद्रपुर और भोजवाला इन तीनों स्थानों का विस्थापन के लिए चिह्नित किया गया है। तीनों स्थानों की भू वैज्ञानिक जांच के लिए जिलाधिकारी को पत्र लिखा है। भूवैज्ञानिक जांच के बाद आपदा प्रभावितों के विस्थापन की तैयारी शुरू कर दी जाएगी। उन्होंने बताया कि आपदा प्रभावितों को चार हजार रुपये की तय किराया धनराशि पर कमरा लेने का सुझाव दिया गया है।
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इन्सेट
प्रभावित गांव से विस्थापन के लिए चिह्नित स्थानों की दूरी
जाखन गांव से छरबा की दूरी - 15 किलोमीटर
जाखन गांव से भोजावाला की दूरी - 15 किलोमीटर
जाखन गांव से रुद्रपुर की दूरी - 11 किलोमीटर
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बीती 16 अगस्त को जाखन गांव में भू-धंसाव के चलते भारी नुकसान हुआ था। 10 मकान जमींदोज हो गए, जबकि अन्य सभी मकानों में दरार आ गई। गांव के रास्ते और खेतों में भी दरारें आ गई थी। प्रशासन ने पूर्व माध्यमिक विद्यालय पष्टा स्थित राहत कैंप में 25 परिवार के 102 आपदा प्रभावितों को शिफ्ट किया था।
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तब से आपदा प्रभावित राहत कैंप में ही रह रहे हैं। हाल में आपदा प्रभावितों और स्थानीय जनप्रतिनिधियों की मांग पर प्रशासन ने प्रभावितों के अस्थाई विस्थापन की तैयारी की थी। एसडीएम विनोद कुमार ने बताया कि अस्थाई विस्थापन के लिए आसपास कोई भी सुरिक्षत स्थान नहीं मिल पाया है।
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उन्होंने कहा कि अब आपदा प्रभावितों के स्थाई विस्थापन की तैयारी चल रही है। गांव के आसपास के क्षेत्र भी आपदा के लिहाज से संवेदनशील है। बताया कि इसलिए छरबा, रुद्रपुर और भोजवाला इन तीनों स्थानों का विस्थापन के लिए चिह्नित किया गया है। तीनों स्थानों की भू वैज्ञानिक जांच के लिए जिलाधिकारी को पत्र लिखा है। भूवैज्ञानिक जांच के बाद आपदा प्रभावितों के विस्थापन की तैयारी शुरू कर दी जाएगी। उन्होंने बताया कि आपदा प्रभावितों को चार हजार रुपये की तय किराया धनराशि पर कमरा लेने का सुझाव दिया गया है।
इन्सेट
प्रभावित गांव से विस्थापन के लिए चिह्नित स्थानों की दूरी
जाखन गांव से छरबा की दूरी - 15 किलोमीटर
जाखन गांव से भोजावाला की दूरी - 15 किलोमीटर
जाखन गांव से रुद्रपुर की दूरी - 11 किलोमीटर