फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Dehradun News ›   shivanand statement for uttarakhand government

शिवानंद बोले, सरकार माफियाओं से कराना चाहती है मेरी हत्या

Sat, 03 Jun 2017 10:51 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, हरिद्वार
ब्यूरो/अमर उजाला, हरिद्वार Updated Sat, 03 Jun 2017 10:51 PM IST
विज्ञापन
shivanand statement for uttarakhand government

गंगा में खनन के खिलाफ और पांच अधिकारियों के निलंबन की मांग को लेकर 11 दिन से अनशन कर रहे मातृसदन के परमाध्यक्ष स्वामी शिवानंद ने कहा कि सरकार माफिया के इशारे पर मेरी हत्या कराना चाहती है, इसीलिए सरकार को न वार्ता से मतलब है और न मांगों पर ध्यान है।

विज्ञापन


आश्रम से उठाकर अस्पताल में भर्ती कराने की साजिश रची जा रही है। स्वामी शिवानंद ने मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत को पत्र भेजकर उस वैज्ञानिक का नाम भी पूछा, जिसने सरकार से गंगा में खनन को जरूरी बताया।  
विज्ञापन


  मातृसदन में पत्रकारों से वार्ता करते हुए स्वामी शिवानंद ने वर्ष 2000 की मेडिकल रिपोर्ट दिखाते हुए बताया कि उन्हें उस दौरान भी जहर दिया गया था। नाखून की जांच में यह साबित भी हुआ था। अब फिर सरकार माफिया के इशारे पर मेरी हत्या का षड्यंत्र रच रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन


इसीलिए वार्ता का रास्ता छोड़कर सिर्फ इस बात पर जोर दिया जा रहा है कि किस तरह आश्रम से उठाकर उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया जाए। हत्या का बाकी काम माफिया खुद देख लेंगे।


स्वामी शिवानंद ने कहा कि यदि उनकी हत्या ही करनी है तो आश्रम में ही खुला रहने दें, उग्र तप कर खुद ही प्राण छोड़ दूंगा। हरिद्वार में विहिप केंद्रीय मार्गदर्शक मंडल की बैठक में राम मंदिर निर्माण के फैसले पर स्वामी शिवानंद ने सवाल उठाया कि भाजपा और आरएसएस भगवान राम का मंदिर ही बनाएगी या मर्यादा पुरुषोत्तम के आदर्शों का पालन भी करेगी।  

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed