छात्रवृत्ति घोटाला: चार आईटीआई और दो कॉलेज संचालकों समेत 10 शिक्षण संस्थानों के खिलाफ मुकदमा दर्ज
- तीन मुकदमे दर्ज किए गए भगवानपुर थाने में, पुलिस ने शुरू की जांच
- रानीपुर कोतवाली, पथरी, पिरान कलियर थाने में एक-एक मुकदमे दर्ज
- रुड़की में भी दो कॉलेज संचालकों पर मुकदमा
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छात्रवृत्ति घोटाले में लिप्त पाए जाने पर एसआईटी ने बड़े कॉलेजों के बाद अब आईटीआई पर नकेल कसनी शुरू कर दी है। रविवार को एसआईटी ने रानीपुर, पथरी, भगवानपुर, पिरान कलियर थाने में चार आईटीआई, दो कॉलेज संचालक समेत दस संस्थानों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। एसआईटी की कार्रवाई के बाद अन्य आईटीआई संचालकों में खलबली मची है।
करोड़ों के छात्रवृत्ति घोटालों में एसआईटी की जांच के बाद कई कॉलेजों के खिलाफ मुकदमे दर्ज हो चुके हैं। यही नहीं, मामले में एसआईटी कई आरोपियों की गिरफ्तारी भी कर चुकी है। इसी कड़ी में रविवार को एसआईटी ने कोतवाली रानीपुर में प्राइवेट आईटीआई भेल स्टेट रानीपुर के खिलाफ छात्रवृत्ति की रकम हड़पने के आरोप में मुकदमा दर्ज कराया गया।
आरोप है कि वर्ष 2011 से 2017 के शैक्षणिक सत्र में छात्रों के फर्जी दाखिले दिखाकर 21 लाख की रकम हड़पी गई। इसी तरह रूबराज इंस्टीट्यूट ऑफ एडवांस स्टडीज शाहपुर शीतलाखेड़ा, पथरी ने भी छात्रवृत्ति के नाम पर 48 लाख की रकम डकार ली। एसआईटी ने पथरी थाने में आईटीआई प्रबंधन के खिलाफ धोखाधड़ी समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज कराया है। वहीं, भगवानपुर थाने में रुहालकी दयालपुर स्थित ओम संतोष पैरामेडिकल प्राइवेट आईटीआई के खिलाफ एसआईटी के दरोगा राजेंद्र सिंह ने मुकदमा दर्ज किया है। आईटीआई पर वर्ष 2015-16 और 2016-17 में छात्रवृत्ति का एक करोड़ 48 लाख 17 हजार 458 रुपये का गबन करने का आरोप है।
भगवानपुर स्थित कृष्णा आईटीआई के संचालक के खिलाफ भी एसआईटी के दरोगा शैलेंद्र ममगाईं ने मुकदमा दर्ज कराया है। आईटीआई पर छात्रवृत्ति का 24 लाख 90 हजार 763 रुपये गबन करने का आरोप है। इसी तरह भगवानपुर के खेड़ी शिकोहपुर स्थित गुरुनानक एजुकेशन ट्रस्ट ऑफ इंस्टीट्यूट के खिलाफ वित्त वर्ष 2014-15 और 2016-17 में छात्रवृत्ति के तीन करोड़ 21 लाख 30 हजार 300 रुपये गबन के आरोप में एसआईटी के दारोगा राजेंद्र सिंह ने मुकदमा दर्ज कराया है।
भगवानपुर के कार्यवाहक थानाध्यक्ष मनोज मगगाईं ने बताया कि एसआई के दरोगाओं की तहरीर पर संबंधित आईटीआई पर मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी गई है। वहीं, सोहलपुर सिकरोढ़ा स्थित भारती आईटीआई के खिलाफ एसआईटी के दारोगा कमल कुमार लुंठी ने पिरान कलियर थाने में मुकदमा दर्ज कराया है। थानाध्यक्ष प्रकाश पोखरियाल ने बताया कि आईटीआई प्रशासन ने छात्रों के फर्जी प्रवेश दिखाकर समाज कल्याण विभाग से करीब 50 लाख की छात्रवृत्ति धनराशि गबन की है। पुलिस ने संस्थान के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज किया है।
रुड़की में भी दो कॉलेज संचालकों पर मुकदमा
रुड़की में भी एसआईटी ने दो कॉलेज संचालकों के खिलाफ छात्रवृत्ति घोटाले में केस दर्ज करवाए हैं। केस दर्ज होने के बाद कॉलेज संचालक भूमिगत हो गए हैं। पुलिस उनकी गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर छापा मारने की तैयारी कर रही है।
करोड़ों का छात्रवृत्ति घोटाला उजागर होने के बाद एसआईटी लगातार कॉलेज संचालकों के खिलाफ शिकंजा कस रही है। एसआईटी जांच में लगातार कॉलेजों में छात्रवृत्ति घोटाले का मामला सामने आ रहा है। एसआईटी ने अब रुड़की के कॉलेजों में लाखों की छात्रवृत्ति घोटाले का मामला पकड़ा है।
एसआईटी टीम में शामिल एसआई शैलेंद्र ममगाईं ने सिविल लाइंस कोतवाली में भारतीय महाविद्यालय आशदीप कांपलेक्स, सिविल लाइन रुड़की के खिलाफ तहरीर देकर बताया कि कॉलेज में अनुसूचित जाति के छात्रों का फर्जी प्रवेश दर्शाते हुए 38 लाख, 26 हजार 460 रुपये छात्रवृत्ति का गबन किया है। कोतवाली प्रभारी अमरजीत सिंह ने बताया कि कॉलेज संचालक के खिलाफ केस दर्ज कर गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं।
वहीं, गंगनहर कोतवाली में एसआईटी टीम में शामिल एसआई खजान सिंह ने बाबूराम डिग्री कॉलेज, बाबूराम डिग्री कॉलेज आईआईटी और बाबूराम डिग्री कॉलेज प्राइवेट आईटीआई सालियर के संचालक के खिलाफ तहरीर दी है। इसमें बताया कि अनुसूचित जाति-जनजाति के छात्रों का फर्जी प्रवेश दर्शाकर समाज कल्याण विभाग से 46 लाख, 24 हजार 380 रुपये का गबन किया गया है। गंगनहर कोतवाली प्रभारी राजेश साह ने बताया कि केस दर्ज कर संचालक के गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं।
खानपुर में भी दो मुकदमे
छात्रवृत्ति घोटाले में खानपुर क्षेत्र के दो शिक्षण संस्थाओं में करीब पांच करोड़ के गबन का मामला सामने आया है। एसआईटी ने दोनों संस्थाओं के खिलाफ खानपुर थाने में मुकदमे दर्ज कराए हैं। पुलिस ने केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
एसआईटी उपनिरीक्षक भानु सिंह की ओर से दी गई तहरीर में बताया गया कि प्रह्लादपुर स्थित कृष्णा इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी प्रबंधन ने वर्ष 2014-15, 2016-17 में छात्रों के फर्जी प्रवेश दिखाकर 52 लाख 88 हजार 500 रुपये गबन कर लिया। वहीं, एसआईटी निरीक्षक कमल कुमार लुंठी ने तहरीर दी कि प्रह्लादपुर स्थित आरबीएस स्कूल के संचालकों ने वर्ष 2015-16 और 2016-17 में छात्रों के फर्जी प्रवेश दिखाकर छात्रवृत्ति के नाम पर चार करोड़ 43 लाख 52 हजार 200 रुपये का गबन किया है।
खानपुर एसओ दिलमोहन सिंह ने बताया कि दोनों मामलों में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। वहीं, आरबीएस के संचालक का कहना है कि उनसे इस बाबत एसआईटी की ओर से पहले कोई पूछताछ या दस्तावेज नही मांगे गए। साथ ही उन्हें इस बाबत नोटिस भी नहीं दिया गया है।