रुद्रप्रयाग: सड़क कटिंग का मलबा नदी में डंप करने पर एनएच, लोनिवि और पीएमजीएसवाई पर लगा 15 लाख का जुर्माना
- एनएच, लोनिवि व पीएमजीएसवाई पर की गई कार्रवाई
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रुद्रप्रयाग में ऑल वेदर रोड परियोजना और अन्य सड़क निर्माण में संस्थाओं द्वारा सड़क कटिंग का मलबा नदी व डंपिंग जोन से अन्यत्र डालने पर रुद्रप्रयाग वन प्रभाग ने राष्ट्रीय राजमार्ग निर्माण खंड-लोनिवि, पीएमजीएसवाई और लोक निर्माण विभाग पर 15 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। संस्थाओं द्वारा जुर्माना राशि जमा कर दी गई है।
ऑल वेदर रोड में कार्यदायी संस्थाओं द्वारा मलबे को निर्धारित डंपिंग जोन में नहीं डाला जा रहा है। जिला कार्यालय के ठीक समीप निर्माणाधीन बदरीनाथ हाईवे का मलबा सीधे अलकनंदा नदी और रुद्रप्रयाग-गौरीकुुंड हाईवे पर कार्यदायी संस्था द्वारा मलबे को मंदाकिनी नदी में डाला जा रहा है।
पूर्व में एनजीटी द्वारा भी कार्यदायी संस्थाओं के द्वारा सड़क का मलबा नदी में डालने पर आपत्ति जताते हुए प्रशासन को जरूरी कार्रवाई के निर्देश भी दिए गए थे। बावजूद कार्यदायी संस्थाएं मनमानी कर रही है।
इधर, रुद्रप्रयाग वन प्रभाग ने एनएच पर निर्माणाधीन बदरीनाथ व गौरीकुंड हाईवे का मलबा अलकनंदा व मंदाकिनी नदी समेत डंपिंग जोन से अन्यत्र डालने पर 6 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है।
साथ ही पीएमजीएसवाई रुद्रप्रयाग पर निर्माणाधीन सड़कों का वन क्षेत्र व डंपिंग जोन से अन्यत्र डालने पर 6 लाख और लोनिवि प्रांतीय खंड रुद्रप्रयाग पर 3 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। डीएफओ वैभव कुमार ने बताया कि संस्थाओं द्वारा जुर्माना राशि जमा कर दी गई है। बताया कि मोटर मार्ग समेत निर्माण से अन्य जुड़ी संस्थाओं की मॉनीटरिंग की जा रही है।
गंगा में मलबा डंप करने पर कंपनी के खिलाफ मुकदमा भी दर्ज
कौड़ियाला से देवप्रयाग के बीच डंपिंग जोन में स्वीकृत मात्रा से अधिक मलबा डंप करने और गंगा नदी में मलबा गिराने पर इस्पान इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी के खिलाफ केस भी दर्ज हुआ है। जबकि इससे पूर्व कंपनी पर 16 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया जा चुका है। देवप्रयाग थाने में कंपनी के खिलाफ गंगाजल को प्रदूषित करने, शर्तों का उल्लंघन करने और जन स्वास्थ्य को खतरा पैदा करने की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।
प्रशासन के निर्देश पर एक संयुक्त टीम ने 6 नवंबर को कौड़ियाला से देवप्रयाग के बीच बदरीनाथ हाईवे का निरीक्षण किया था। इस दौरान टीम को रोड कटिंग का मलबा डंप करने में भारी अनियमितता मिली। टीम की रिपोर्ट के आधार पर राजस्व विभाग ने ऑल वेदर रोड परियोजना का काम कर रही इस्पान कंपनी पर लगभग पौने 16 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया था। जुर्माना लगाने के बाद राजस्व विभाग ने कंपनी के खिलाफ मुकदमा दर्ज करा दिया है।
थाना प्रभारी देवप्रयाग महिपाल सिंह रावत ने बताया कि राजस्व उपनिरीक्षक भटकोट अर्जुन सिंह पंवार की ओर से मंगलवार को कंपनी के खिलाफ तहरीर दी गई। पंवार ने कंपनी पर तय शर्तों का उल्लंघन करने और गंगा को प्रदूषित कर जन स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ करने का आरोप लगाया। साथ ही पंतगांव के निकट मलबे को नदी में गिरने से रोकने के लिए दीवार निर्माण के निर्देश की अनदेखी करने की भी बात कही है। उन्होंने बताया कि मामले की विवेचना एसआई सुधांशु कौशिक कर रहे हैं।