अच्छी खबर: सस्ते राशन के लिए अब नहीं ले जाना होगा राशनकार्ड, मिलेगी यह बड़ी सुविधा
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सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत सस्ता राशन लेने के लिए अब उपभोक्ताओं को कार्ड साथ में नहीं ले जाना पड़ेगा। राशन कार्ड ऑनलाइन होने से उपभोक्ता बायोमीट्रिक सिस्टम से अंगूठे का निशान लगाकर राशन प्राप्त कर सकेंगे।
केंद्र सरकार ने 30 जून तक उत्तराखंड को शत प्रतिशत राशन कार्डों का डाटा ऑनलाइन फीड करने का समय दिया था। जिसमें अब तक खाद्य एवं आपूर्ति विभाग ने 96 प्रतिशत राशन कार्डों का डाटा फीड कर दिया है।
खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के सचिव सुशील कुमार ने बताया कि केंद्र सरकार सस्ता राशन वितरण में पारदर्शिता लाने के लिए राशन कार्डों का डाटा ऑनलाइन करने जा रही है। इससे उपभोक्ता राशन कार्ड पर प्रदेश के किसी भी सरकारी सस्ते गल्ले की दुकान से राशन ले सकते हैं।
सात हजार विक्रेताओं को दी बायोमीट्रिक मशीन
बायोमीट्रिक सिस्टम पर फिंगर प्रिंट से राशन प्राप्त कर सकते हैं। राशन कार्ड ऑनलाइन होने से उपभोक्ताओं को बैंक खातों की तर्ज पर राशन की डिटेल मिल सकेगी। जिससे उपभोक्ताओं को यह पता चल सकेगा, किस माह उसने कितना सस्ता राशन लिया।
प्रदेश में वर्तमान में 23 लाख राशन कार्ड धारक हैं। केंद्र के निर्देश पर खाद्य एवं आपूर्ति विभाग ने अब तक 96 प्रतिशत कार्डों का डाटा ऑनलाइन फीड कर दिया है। इसमें 95 प्रतिशत कार्डों में आधार कार्ड नंबर फीड किया गया। लेकिन यूडीआई से 37 प्रतिशत कार्डों का सत्यापन हुआ है।
प्रदेश में 9200 सरकारी सस्ते गल्ले की दुकानों से 23 लाख उपभोक्ताओं को सस्ता राशन मिलता है। सात हजार विक्रेताओं को विभाग ने बायोमेट्रिक मशीनें दी है। लेकिन अभी तक इसका इस्तेमाल नहीं हो रहा है। अब विभाग बायोमीट्रिक मशीन के इस्तेमाल करने के लिए कॉमन सर्विस सेंटर के साथ एमओयू करेगा।