प्रकाश जावड़ेकर बोले-20 हजार करोड़ से संवारेंगे उच्च शिक्षा
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
देश के गुणवत्ता युक्त शिक्षा देने वाले उच्च शिक्षण संस्थानों को केंद्र सरकार 20 हजार करोड़ रुपये देने जा रही है। इसके लिए सरकार ने हायर एजुकेशन फाइनेंस एजेंसी की स्थापना की है।
देहरादून में यूनिवर्सिटी ऑफ पेट्रोलियम एंड एनर्जी स्टडीज(यूपीईएस) के 15वें दीक्षांत समारोह में बतौर मुख्य अतिथि पहुंचे केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) प्रकाश जावडेकर ने यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि सरकार का मकसद देश में शोध को बढ़ावा देना है।
यूपीईएस के दीक्षांत समारोह में प्रकाश जावडेकर ने कहा कि हायर एजुकेशन फाइनेंस एजेंसी से संस्थानों में नई लैब बनेंगी। उन्होंने बताया कि इस साल 60 देशों के 800 फैकल्टी भारत में आकर कोर्स चलाएंगी। उन्होंने कहा कि शोध और अनुसंधान से ही देश आगे जाएगा। उच्चतर आविष्कार योजना से देश में इनोवेशन को बढ़ावा दिया जा रहा है।
मंत्री जावडेकर के मुताबिक बदलते परिपेक्ष्य में जो भी संस्थान नए कोर्स बनाएगा, वही आगे बढ़ पाएगा। मंत्री ने कहा कि सरकार का फोकस इस बात पर भी है कि हॉस्टल में रहने वाले छात्रों के बीच से ही स्टार्टअप शुरू हो। बीते एक साल में करीब 200 ऐसे स्टार्टअप शुरू हो चुके हैं।
शोधार्थियों को एक लाख स्कॉलरशिप
केंद्र सरकार शोधार्थियों को एक लाख रुपये स्कॉलरशिप देगी। पांच साल तक देश में रिसर्च करने वालों को केंद्र सरकार अपने खर्च पर विदेश में रिसर्च को बेहतर बनाने के लिए भी भेजेगी।
केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावडेकर ने बताया कि पहली बार हैकॉथन का आयोजन किया गया। इसमें दो हजार कॉलेजों के 42 हजार छात्रों ने हिस्सा लिया और विभिन्न मंत्रालयों की 300 समस्याओं का डिजिटल सॉल्यूशन बताया। उन्होंने बताया कि 200 से ज्यादा मामलों का डिजिटल सॉल्यूशन भी निकाला जा चुका है।
केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावडेकर ने बताया कि विभिन्न परीक्षाओं की वजह से सीबीएसई पर बोझ बढ़ गया है। सालभर में कई करोड़ छात्रों की प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए सरकार ने नई टेस्टिंग एजेंसी बनाई है। जल्द ही यह अस्तित्व में आ जाएगी।
छात्रों को बेहतर शिक्षा के लिए सरकार ने स्वयं पोर्टल लांच किया है। इस पर अभी तक 385 कोर्स का पूरा स्टडी मैटेरियल, शिक्षकों के लेक्चर ऑनलाइन उपलब्ध हो चुके हैं। सरकार का टारगेट इस पोर्टल पर दो हजार कोर्स उपलब्ध कराने का है।