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केदारनाथ में मिले 700 नर कंकालों के वारिसों को ढूंढेगी पुलिस, 3380 लोगों के डीएनए टेस्ट की तैयारी

Sat, 27 Oct 2018 05:00 AM IST
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, देहरादून
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, देहरादून Updated Sat, 27 Oct 2018 05:00 AM IST
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Police will do 3380 people DNA test For Human skeleton successor search in kedarnath
DNA TEST

केदारनाथ त्रासदी क्षेत्र से मिल रहे नर कंकालों के वारिस खोजने को पुलिस ने एक और प्रयास किया है। पुलिस ने उन सभी 3380 लोगों को पत्र लिखकर डीएनए टेस्ट कराने को कहा है जिन्होंने अपने परिजनों की गुमशुदगी दर्ज कराई थी। ताकि, उनका कंकालों के डीएनए से मिलान कराया जा सके। पुलिस ने अब तक मिले सभी नर कंकालों का डीएनए टेस्ट कराने के बाद उनका अंतिम संस्कार करने का दावा किया है। 

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जून-2013 में केदारनाथ में आए जल प्रलय से हजारों लोग काल के ग्रास बन गए थे। सरकार ने त्रासदी के बाद वहां से मिले शवों को बरामद कर उनका डीएनए टेस्ट कराया था। ताकि, उनके परिजनों से मैचिंग कराई जा सके। कुछ दिन बाद देशभर से लगभग 3380 लोगों ने अपने परिजनों की गुमशुदगी दर्ज कराई थी।
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इसके बाद समय-समय पर त्रासदी क्षेत्र में सर्च ऑपरेशन चलाए गए, जिनमें 677 नर कंकाल और शव बरामद हुए थे। इन सभी का डीएनए टेस्ट कराया गया, लेकिन इनमें से कुछ के ही परिजनों से डीएनए मैच हो पाया है। इस पर पिछले साल दिसंबर में हाईकोर्ट ने भी फिर से सर्च ऑपरेशन चलाने के आदेश दिए।

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हाईकोर्ट के आदेशों के बाद इसी माह पांच आईपीएस के नेतृत्व में टीमें गठित कर ऑपरेशन शुरू किया गया। इस बार भी 21 कंकाल बरामद हुए और उनका डीएनए सैंपल लेकर अंतिम संस्कार कर दिया गया।

ऐसे में अब तक लगभग 700 कंकाल और शव त्रासदी क्षेत्र से बरामद हो चुके हैं। इनके वारिस तलाशने के लिए पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज कराने वाले परिजनों को चिट्ठी लिखकर डीएनए टेस्ट कराने का आग्रह किया है। अब देखने वाली बात यह है कि आखिर पुलिस का यह प्रयास सफल हो पाएगा या नहीं।

गुमशुदगी दर्ज कराने वाले सभी लोगों को चिट्ठियां लिखी गई हैं। ताकि, कंकाल और अब मिले शवों की पहचान का प्रयास किया जा सके। इन सभी के पहले हैदराबाद में डीएनए टेस्ट कराए गए थे। अब टेस्ट उत्तराखंड की फोरेंसिक लैब में भी कराए जा सकते हैं।
अजय रौतेला, डीआईजी गढ़वाल 
 

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