नौकरीपेशा लोग ध्यान दें, पीएफ खाताधारक जरूर कर लें ये काम, वरना फिर पछताएंगे
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यदि आपका पीएफ जमा होता है तो यह खबर आपके लिए काम की है। अगर आपके ईपीएफ का यूएएन नंबर बैंक खाते और आधार से लिंक नहीं है तो आप ऑनलाइन दावा नहीं कर सकते जबकि भविष्य में ईपीएफ सभी किस्म के दावे ऑनलाइन ही स्वीकार करने की बात कर रहा है।
ईपीएफ दफ्तर में 1.87 लाख से ज्यादा सदस्य हैं। इन सभी का यूनिवर्सल एकाउंट नंबर (यूएएन) का बैंक खाता और आधार कार्ड से लिंक होना जरूरी है। इसके बाद भी 50 फीसदी से ज्यादा सदस्यों के आधार, बैंक खाते लिंक नहीं हैं। इस वजह से ये ऑनलाइन क्लेम करते हैं तो दावा नहीं होता है।
अब ईपीएफ विभाग भी यूएएन को बैंक, आधार से लिंक कराने के लिए अभियान चला रहा है। क्षेत्रीय आयुक्त आशीष कुमार ने बताया कि निरीक्षकों को निर्देश दिए हैं कि कंपनियों में जाकर नियोक्ताओं को कर्मियों के यूएएन को आधार और बैंक से लिंक कराए। वहीं दफ्तर में आने वाले कर्मियों को भी इस बाबत निर्देशित किया जा रहा है।
आप भी कर सकते हैं यूएएन को बैंक खाते और आधार से लिंक
- सबसे पहले https://unifiedportal-mem.epfindia.gov.in/memberinterface/ पर जाएं।
-फिर केवाईसी व पासवर्ड से लॉग इन करें।
- लॉग इन के बाद कई टैब दिखाई देंगे। इनमें मैनेज एकाउंट पर क्लिक करें।
- केवाईसी विकल्प चुनें, फिर आधार, बैंक पासबुक, ड्राइविंग लाइसेंस, पैन नंबर, राशन कार्ड आदि भरकर सेव पर क्लिक करें।
31 दिसंबर तक 80 फीसदी लिंक करने का है लक्ष्य
- ऐसा करते ही ये सूचनाएं खुद ब खुद वेरिफिकेशन के लिए नियोक्ता के पोर्टल पर चली जाएंगी। नियोक्ता के एप्रूवल के बाद ही केवाई स्वीकार हो जाएगी।
- नियोक्ता भी पोर्टल पर जाकर इसी तरह सदस्य का केवाईसी कर सकता है।
केंद्र ने पीएफ को निर्देश दिए हैं कि सभी सदस्यों के यूएएन को बैंक खाते और आधार से लिंक किया जाए। इस बाबत शासन ने 31 दिसंबर तक 80 फीसदी यूएएन को लिंक करने का लक्ष्य भी दिया है। इसे लेकर ईपीएफओ ने तैयारियां तेज कर दी हैं।