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300 करोड़ के घोटाले को सामने लाने वाले याचिकाकर्ता की जान को खतरा,पीएम मोदी से मांगी सुरक्षा
न्यूज डेस्क/अमर उजाला, जसपुर
Updated Mon, 19 Feb 2018 11:54 PM IST
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एनएच-74 मुआवजा घोटाला मामले में हाइकोर्ट में जनहित याचिका दायर कर घोटाले का पर्दाफाश करने की मांग करने वाले याचिकाकर्ता ने जांच के घेरे में आए अधिकारियों और कर्मचारियों से खुद की और परिवार की जान को खतरा बताया है।
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पीड़ित याचिकाकर्ता ने इस संबंध में प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) को पत्र भेजकर सुरक्षा की गुहार लगाई है। ग्राम कलियावाला निवासी मनेंदर सिंह (40) पुत्र सरजीत सिंह ने कहा कि उन्होंने 16 दिसंबर 2016 को हाइकोर्ट में जनहित याचिका दाखिल कर राष्ट्रीय राजमार्ग-74 के चौड़ीकरण को लेकर घोटाले की आशंका जताते हुए मामले में जांच की मांग की थी।
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जनहित याचिका में काश्तकारों के अलावा बड़े अधिकारियों के भी शामिल होने की बात कही गई थी। मनेंदर सिंह समेत अन्य की जनहित याचिका पर ही प्रदेश सरकार की ओर से एसआईटी का गठन कर मामले की जांच कराई जा रही है।
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अब तक मामले में कई अधिकारी, कर्मचारियों के अलावा काश्तकार भी एसआईटी के शिकंजे में आ चुके हैं। एसआईटी की ओर से काश्तकारों से करोड़ों रुपये की रिकवरी भी कराई जा रही है। इधर, मनेंदर सिंह ने मुआवजा घोटाले के अधिकारी और काश्तकारों से अपनी और परिवार की जान को जान का खतरा बताया है।
उन्होंने परिवार की सुरक्षा के लिए बीते दिनों शस्त्र का लाइसेंस दिए जाने का अनुरोध किया था, लेकिन प्रशासन की ओर से उनका प्रार्थना पत्र निरस्त कर दिया गया। अब उन्होंने इस संबंध में सोमवार को पीएमओ को पत्र भेजकर सुरक्षा की गुहार लगाई है।
उन्होंने परिवार की सुरक्षा के लिए बीते दिनों शस्त्र का लाइसेंस दिए जाने का अनुरोध किया था, लेकिन प्रशासन की ओर से उनका प्रार्थना पत्र निरस्त कर दिया गया। अब उन्होंने इस संबंध में सोमवार को पीएमओ को पत्र भेजकर सुरक्षा की गुहार लगाई है।