{"_id":"63dd68e989ff047d7d7b8bf7","slug":"na-dehradun-news-c-5-drn1037-67986-2023-02-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"Dehradun News: नकली स्पोर्ट्स सामग्री और कपड़े बेचने वालों पर मुकदमा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Dehradun News: नकली स्पोर्ट्स सामग्री और कपड़े बेचने वालों पर मुकदमा
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
राजधानी में नामी ब्रांड के नाम से नकली सामान बेचने के तीन और मामले सामने आए हैं। कंपनियों की टीमों ने जब पुलिस के साथ छापा मारा तो दुकानों से ब्रांड के टैग भी बरामद किए गए। तीनों मामलों में तीन मुकदमे दो थानों में दर्ज किए गए हैं।
योनेक्स ब्रांड की टीम ने असली बताकर नकली खेल सामान बेचे जाने की सूचना पर स्टूडेंट स्पोर्ट्स हाउस, दर्शनी गेट पर छापा मारा था। इस दौरान पुलिस भी साथ थी। मौके से कंपनी की टीम ने नकली माविस 350 शटल कॉक के डब्बे, रैकेट और बैडमिंटन कवर बरामद किए।
वाइल्ड क्राफ्ट और लिवाइस स्ट्रास कंपनी की टीम ने वसंत विहार पुलिस के साथ आशीर्वाद एनक्लेव स्थित एनके ट्रेडर्स पर छापा मारा। यहां से लिवाइस ब्रांड प्रिंट हुए 64 नकली लोअर, 13 ट्रैक जैकेट, 28 ट्रैक पैंट बरामद हुए। मौके से मिला नकली समान सील कर दिया गया। एनके ट्रेडर्स के संचालक वरुण अरोड़ा निवासी आशीर्वाद एनक्लेव और राजीव खुराना निवासी लेन पांच, वसंत विहार के खिलाफ कॉपी राइट अधिनियम के तहत केस दर्ज किया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
योनेक्स ब्रांड की टीम ने असली बताकर नकली खेल सामान बेचे जाने की सूचना पर स्टूडेंट स्पोर्ट्स हाउस, दर्शनी गेट पर छापा मारा था। इस दौरान पुलिस भी साथ थी। मौके से कंपनी की टीम ने नकली माविस 350 शटल कॉक के डब्बे, रैकेट और बैडमिंटन कवर बरामद किए।
विज्ञापन
वाइल्ड क्राफ्ट और लिवाइस स्ट्रास कंपनी की टीम ने वसंत विहार पुलिस के साथ आशीर्वाद एनक्लेव स्थित एनके ट्रेडर्स पर छापा मारा। यहां से लिवाइस ब्रांड प्रिंट हुए 64 नकली लोअर, 13 ट्रैक जैकेट, 28 ट्रैक पैंट बरामद हुए। मौके से मिला नकली समान सील कर दिया गया। एनके ट्रेडर्स के संचालक वरुण अरोड़ा निवासी आशीर्वाद एनक्लेव और राजीव खुराना निवासी लेन पांच, वसंत विहार के खिलाफ कॉपी राइट अधिनियम के तहत केस दर्ज किया गया है।
विज्ञापन