उत्तराखंड: केंद्र के फैसले से प्रदेश के पौने दो लाख कमर्शियल वाहनों और लाखों लाइसेंसधारियों को राहत
- ड्राइविंग लाइसेंस, परमिट व अन्य दस्तावेज 31 मार्च 2021 तक मान्य
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कोविड-19 महामारी के मद्देनजर ड्राइविंग लाइसेंस, परमिट, फिटनेस समेत मोटर वाहन अधिनियम के तहत बनाए जाने वाले दस्तावेज अब 31 मार्च 2021 तक मान्य होंगे। केंद्र सरकार के इस फैसले से उन सभी वाहन स्वामियों को राहत मिलेगी जिनके दस्तावेज एक फरवरी के बाद अमान्य हो गए थे और विभिन्न कारणों से इनका नवीनीकरण नहीं करा सके।
केंद्र सरकार ने ऐसे वाहनों को 31 दिसंबर तक छूट दी थी, जिसे बढ़ाकर अब 31 मार्च 2021 कर दिया गया है। केंद्रीय सड़क परिवहन राजमार्ग मंत्रालय ने इस संबंध में सभी राज्यों को एडवाइजरी जारी कर दी है। प्रदेश के उप परिवहन आयुक्त एसके सिंह ने केंद्र से एडवाइजरी जारी होने की पुष्टि की है।
वाहनों के इंश्योरेंस में राहत नहीं
कोविड काल में वाहन स्वामी वाहनों के इंश्योरेंस में छूट की मांग कर रहे हैं, लेकिन अभी तक उन्हें इंश्योरेंस में छूट नहीं मिल पाई है। इस संबंध में राज्य सरकार ने केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय को प्रस्ताव भेजा है, जो बीमा नियामक विकास प्राधिकरण (आईआरडीए) को बढ़ा दिया। वाहनों के बीमा में अभी तक कोई राहत नहीं मिल पाई है।
लाइसेंस और फिटनेस को लेकर दबाव होगा कम
कोविड 19 महामारी के कारण परिवहन विभाग के स्तर पर लाइसेंस और फिटनेस के आवेदन बड़ी संख्या में लंबित है। 31 मार्च 2021 तक राहत मिलने से अब वाहन स्वामियों और विभाग दोनों पर दबाव कम हो सकेगा। एक फरवरी से 31 दिसंबर के मध्य करीब एक लाख लर्निंग लाइसेंस के मामले हैं, जिनका सत्यापन कर लाइसेंस जारी होने हैं।
लेकिन विभागीय स्तर पर सीमित संख्या में ही नए लाइसेंस बनाने की प्रक्रिया हो पा रही है। इसके अलावा करीब 2.50 लाख लाइसेंस का नवीनीकरण होना है। इसके अलावा करीब सवा लाख कामर्शियल वाहनों का हर साल फिटनेस होता है। इनमें से केवल 70 हजार वाहनों के मामले प्रक्रिया में हैं।